Home छत्तीसगढ़ मंडप के नाम पर साल पेड़ों की दी जा रही बलि ,वन...

मंडप के नाम पर साल पेड़ों की दी जा रही बलि ,वन विभाग बेखबर

0

रिपोर्टर मुन्ना पांडेय सरगुजा : लखनपुर वनपरिक्षेत्र के जंगलों में इन दिनों साल पेड़ों की अंधाधुंध अवैध कटाई होने से जंगल के सुंदरता संघनता हरियाली को ग्रहण लगता जा रहा है। वन खंडों में हो रहे पेड़ों के अवैध कटाई से वन विभाग बेखबर है। दरअसल विवाह का सीजन होने कारण तैयार होने वाले साल पेड़ों को वास्ते मंडप सजाने के ग्रामीणो द्वारा काट कर ले जाया जा रहा है।लिहाजा जगलातो में होने वाले अवैध कटाई की सुध लेने की फुर्सत वन विभाग को नहीं है।

विवाहोत्सव में मंडप बनाने के नाम पर असंख्य मूक पेड़ों की बलि चढ़ा दी जा रही है। प्रत्येक वर्ष महुआ बीनने के दौरान वनखंडो में लगने वाली आग के वजह से साल महुआ सीधा साजा धवरा जैसे विभिन्न प्रजाति के तैयार होने वाले बेहिसाब नवजात पेड़ जलकर भस्मीभूत हों जाते हैं।बचे खुचे विभिन्न प्रजाति के तैयार होने वाले पेड़ो को जलावन बनाने के साथ मंडप बनाने आसपास के ग्रामीण काट कर ले जाते हैं। इस तरह से आगजनी तथा अवैध कटाई से जंगलों का अस्मिता खतरे में पड़ता जा रहा है।

यदि आकलन किया जाए तो तबाह होते दरख्तों की कोई गिनती नहीं है।बहरहाल लखनपुर वनपरिक्षेत्र अंतर्गत आने वाले कुंवरपुर, बेलदगी, चांदो ,कटिन्दा, लोसगा, लोसगी, रैमहला, मांजा, चोडेया ,आमापानी घुईभवना,कुन्नी, देवभुडु भुरकुडवा, गुमगराकला निम्हा सहित आसपास के बीटो में मंडप बनाने साल पेड़ काट कर ले जायें जा रहे हैं।

वन अमला के अनदेखी लापरवाही का खामियाजा पर्वतों के हरे-भरे पेड़ों को भूगतना पड़ रहा है।यदि यही आलम रहा तो वह दिन दूर नहीं जब जंगल किताबों में पढ़ें जायेंगे। क्षेत्र के लोगों ने अवैध कटाई पर रोक लगाने शासन प्रशासन तथा विभाग का ध्यानाकर्षण कराया है। ताकि मंडप के नाम पर दी जाने वाली पेड़ों की बलि पर अंकुश लग सके।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here