
रायपुर: राजधानी रायपुर में शुक्रवार देर रात से हुई मूसलाधार बारिश ने शहर के जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। लगातार बारिश के कारण कई निचले इलाकों और कालोनियों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। इससे लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आक्रोशित लोगों ने जलभराव को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए मुंबई-हावड़ा हाईवे पर धरना दिया है। इसके चलते सड़क पर दो किलोमीटर लंबा जाम लग गया है। बारिश का सबसे ज्यादा असर कुशालपुर और प्रोफेसर कालोनी में देखने को मिला, जहां घरों के अंदर तक पानी घुस गया। इससे निवासियों को अपना सामान बचाने और सुरक्षित स्थानों पर जाने के लिए मजबूर होना पड़ा। कई घरों में गृहस्थी का सामान भीगने से नुकसान हुआ है।
प्रमुख मार्गों पर आवागमन बाधित:- शहर के कई प्रमुख मार्गों पर भी जलभराव के कारण आवागमन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। भाठागांव से महादेव घाट जाने वाली सड़क, गुढ़ियारी अंडर ब्रिज और चंगोराभाठा सर्विस रोड पर पानी भरने से वाहनों की आवाजाही थम गई। सुबह के समय इन रास्तों से गुजरने वाले लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
फूटा गुस्सा, सड़क जाम:- राजधानी के समस्त 70 वार्डों में से अधिकांश वार्डों में देर रात से हो रही बारिश ने कालोनियों में रहने वाले लोगों के घरों में पानी भर दिया है। सालों से इस समस्या से जूझ रहे लोग अपनी परेशानी को लेकर मुखर हो गए। शनिवार को बड़ी संख्या में लोग नेशनल हाइवे रिंग रोड नंबर एक पर इकट्ठा हो गए और निगम प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए सड़क जाम कर दी। प्रदर्शनकारियों ने जल निकासी की उचित व्यवस्था न होने पर रोष व्यक्त किया और तत्काल समाधान की मांग की
खारुन नदी का बढ़ा जलस्तर, जयस्तंभ चौक भी डूबा:- भारी बारिश के चलते खारुन नदी का जलस्तर भी काफी बढ़ गया है, जिससे आसपास के खेतों और सड़कों पर पानी भर गया है। इससे नदी के किनारे के क्षेत्रों में आवागमन बाधित हुआ है। इसके अलावा शहर के हृदय स्थल जयस्तंभ चौक के पास नाले का पानी सड़कों पर आ गया, जिससे मुख्य चौराहे पर भी भीषण जलभराव हो गया और यातायात व्यवस्था चरमरा गई।



