Home छत्तीसगढ़ हर्षोल्लास के साथ मनाया गया 77वां गणतंत्र दिवस,आदर्श पैरामेडिकल इंस्टीट्यूट में हुआ...

हर्षोल्लास के साथ मनाया गया 77वां गणतंत्र दिवस,आदर्श पैरामेडिकल इंस्टीट्यूट में हुआ आयोजन

0

सुरेश मिनोचा एमसीबी : पूरे देश के साथ जिले में भी 77वां गणतंत्र दिवस हर्षोल्लास, उत्साह और देशभक्ति के वातावरण में मनाया गया। इसी क्रम में मनेन्द्रगढ़ आमाखेरवा रोड स्थित आदर्श पैरामेडिकल इंस्टीट्यूट परिसर में गणतंत्र दिवस समारोह का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जे. के. सिंह ने ध्वजारोहण कर तिरंगे को सलामी दी। ध्वजारोहण के बाद राष्ट्रगान हुआ जिससे पूरा परिसर देशभक्ति की भावना से गूंज उठा।मुख्य अतिथि जे. के. सिंह ने अपने उद्बोधन में कहा कि गणतंत्र दिवस हमें संविधान की शक्ति और लोकतंत्र की जड़ों से जुड़ने का अवसर देता है। उन्होंने छात्र छात्राओं से अनुशासन, ईमानदारी और सेवा भावना को अपने जीवन का आधार बनाने का आह्वान किया तथा कहा कि युवा वर्ग ही राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य का निर्माता है। नगर पंचायत नई लेदरी के अध्यक्ष वीरेन्द्र सिंह राणा ने अपने संबोधन में कहा कि संविधान ने देश के प्रत्येक नागरिक को समान अधिकार दिये हैं और हमें अपने कर्तव्यों का निर्वहन पूरी निष्ठा के साथ करना चाहिये। उन्होंने कहा कि शिक्षा और सेवा के माध्यम से समाज को सशक्त बनाया जा सकता है और इसके लिए युवाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।

पार्षद रामप्रसाद ने कहा कि आज का दिन स्वतंत्रता सेनानियों के त्याग और बलिदान को स्मरण करने का दिन है। उन्होंने विद्यार्थियों से राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखते हुए समाज के लिए सकारात्मक कार्य करने की अपील की। पार्षद ईद मुबारक ने अपने उद्बोधन में राष्ट्रीय एकता और अखंडता पर जोर देते हुए कहा कि भारत की असली ताकत उसकी विविधता में एकता है। उन्होंने युवाओं से आपसी भाईचारे और सद्भाव को बनाए रखने का संदेश दिया।

भीमसेन सोनी ने अपने विचार रखते हुए कहा कि गणतंत्र दिवस हमें यह याद दिलाता है कि देश का भविष्य युवाओं के हाथ में है। उन्होंने विद्यार्थियों से कौशल विकास और आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ने का आह्वान किया।संस्थान के संचालक रमेश सोनी ने अपने संबोधन में कहा कि आदर्श पैरामेडिकल इंस्टीट्यूट का उद्देश्य केवल शिक्षा देना नहीं बल्कि सेवा भाव से युक्त दक्ष स्वास्थ्यकर्मी तैयार करना है। उन्होंने कहा कि संविधान द्वारा प्रदत्त अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों को समझना भी उतना ही आवश्यक है वहीं सह संचालक श्रीमती संजू सोनी ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि अनुशासन, संस्कार और राष्ट्रप्रेम ही सच्ची शिक्षा की पहचान है। उन्होंने विद्यार्थियों को अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहते हुए देश और समाज की सेवा करने की प्रेरणा दी।

समारोह के दौरान छात्र-छात्राओं द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की मनमोहक प्रस्तुतियाँ दी गईं। देशभक्ति गीत, समूह नृत्य, एकल नृत्य, कविता पाठ और लघु नाट्य प्रस्तुतियों ने स्वतंत्रता संग्राम, संविधान की गरिमा और राष्ट्रीय एकता का सजीव चित्रण किया। दर्शकों ने इन प्रस्तुतियों को तालियों की गड़गड़ाहट के साथ सराहा।
इस अवसर पर शिक्षक सोहन यादव, संजय मिश्रा, शिक्षिकाएं साक्षी मिश्रा, रिंकी सिंह, मनीषा सिंह सहित अंजली यादव, मानसी गुप्ता, नैंसी, पूजा, पार्वती, काजल, प्रिया पुरी, जागृति शुक्ला, अमन, सुषमा, राहुल, राजीव, शानू कुमार, आयुष, चांदकुमारी, रोशनी पनिका, संगीता, भुवनेश्वरी, मुस्कान, दीपक, ऋषभ, बिफना, प्रियंका, रागिनी सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।कार्यक्रम के अंत में उत्कृष्ट सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ देने वाले विद्यार्थियों को अतिथियों द्वारा सम्मानित किया गया। समारोह का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ जिससे संपूर्ण वातावरण देशभक्ति से ओत-प्रोत नजर आया।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here