
छुरिया : वनविभाग द्वारा वनों को आग से बचाने तथा ग्रामीणों में जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से वन परिक्षेत्र बागनदी अंतर्गत उपपरिक्षेत्र छुरिया में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में क्षेत्र के लघु वनोपज सहकारी समिति के प्रबंधक, वन क्षेत्रपाल, वनपाल, वनरक्षक, दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी, फायरवॉचर एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए परिक्षेत्र अधिकारी बागनदी श्री हरि सूरजबली सिन्हा ने कहा कि वनों को अग्नि से बचाना वनविभाग का प्रमुख कार्य है, जिसके लिए दीर्घकालीन एवं अल्पकालीन दोनों प्रकार के उपायों की आवश्यकता है। उन्होंने बताया कि महुआ के मौसम (मार्च-अप्रैल) में ग्रामीणों द्वारा जमीन साफ करने के लिए लगाई जाने वाली आग कई बार अनियंत्रित होकर पूरे जंगल में फैल जाती है, जिससे जैव विविधता को भारी नुकसान पहुंचता है।

सहायक परिक्षेत्र अधिकारी श्री मुकेश कुमार दुबे ने कर्मचारियों, दैनिक वेतनभोगियों एवं अग्नि प्रहरियों को निर्देशित करते हुए कहा कि महुआ गिरने से पूर्व पेड़ों के नीचे की जगह साफ कराई जाए तथा महुआ फूल बिनने वाले ग्रामीण भाई-बहनों का नाम रजिस्टर में दर्ज कर उनसे हस्ताक्षर कराए जाएं, साथ ही उन्हें वनों में आग से होने वाले नुकसान की जानकारी दी जाए।
प्रशिक्षु वन क्षेत्रपाल श्री ढालेन्द्र कुमार वर्मा, रूबी खिलारी, वनपाल श्री प्रेमलाल साहू (सड़क चिरचारी), श्री विक्रम ठाकुर (गैंदाटोला), श्री आदिल अहमद (जोब) एवं वनरक्षक सुश्री जया कौशल ने भी वनों को आग से बचाने के उपायों पर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। वहीं दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी जनकलाल चौधरी, रेवाराम सिन्हा एवं एवन पडोटी ने अपने सुझाव रखे।
कार्यक्रम का सफल संचालन वनरक्षक हिरेंद्र ठाकुर ने किया। इस अवसर पर वनरक्षक श्री रविकुमार परसाई, लोकेश कुमार सलामे, रोशन साहू, संदीप मरकाम, अमन नरेटी, भोजेश्वर चनाप, किशोर कुमार साहू, गौरीशंकर कश्यप, सुश्री माधुरी कोर्राम, खिलेश्वर वर्मा सहित विनोद कुमार साहू, बीरबल दास साहू, राजेश कुमार एवं अन्य अधिकारी-कर्मचारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। यह जानकारी श्रम आयुक्त दर वन कर्मचारी संघ के प्रमुख हारुन मानिकपुरी ने दी।



