अनुपपुर मध्यप्रदेश : सिंहस्थ कुंभ जैसे विश्वस्तरीय धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजन की सुरक्षा व्यवस्था और सुदृढ़ कानून व्यवस्था सुनिश्चित करने के उद्देश्य से प्रत्येक जिले में प्रशिक्षण सत्र प्रारंभ हो रहे है,इसी क्रम में आज पुलिस लाइन अनूपपुर में प्रथम सत्र का विधिवत शुभारंभ किया गया। इस विशेष कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पुलिस अधीक्षक विक्रांत मुराब उपस्थित रहे। कार्यक्रम का कुशल आयोजन एवं प्रबंधन रक्षित निरीक्षक श्रीमती ज्योति दुबे द्वारा किया गया। इस अवसर पर टीआई कोतवाली सहित अन्य पुलिस अधिकारी/कर्मचारी उपस्थित रहे।प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए पुलिस अधीक्षक श्री विक्रांत मुराब द्वारा दीप प्रज्वलित कर अपने उद्बोधन में कहा कि सिंहस्थ कुंभ 2028 अत्यंत गौरवशाली और जिम्मेदारी भरा आयोजन है। इस महापर्व की सुरक्षा हेतु जिला बल, विसबल (विशेष सशस्त्र बल) एवं होमगार्ड के अधिकारियों/कर्मचारियों को मानसिक एवं शारीरिक रूप से तैयार करने के लिए प्रत्येक जिले में आज से विशेष प्रशिक्षण प्रारंभ हो रहा है।

प्रशिक्षण से जुड़ी मुख्य बातें
अवधि: यह अत्यंत महत्वपूर्ण एवं व्यापक प्रशिक्षण 20 दिसंबर 2026 तक लगातार जारी रहेगा। पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी मॉड्यूल के अनुसार यह 06 दिवसीय सत्र चलाया जाएगा।इस प्रशिक्षण में 57 वर्ष से कम आयु वर्ग के 596 अधिकारियों/कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया जाएगा।
प्रशिक्षण की शुरुआत प्रतिदिन सुबह पीटी, योगा और ध्यान (Meditation) के साथ होगी। इनडोर क्लास में प्रशिक्षणार्थियों को सिंहस्थ का सामान्य परिचय, कुंभ के दौरान पुलिस व्यवस्था, पुलिस की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां, भीड़ नियंत्रण (Crowd Management), यातायात (Traffic) एवं आपदा प्रबंधन (Disaster Management) जैसे विषयों की जानकारी पीपीटी (PPT) प्रेजेंटेशन के माध्यम से टीओटी (ToT) ट्रेनर्स द्वारा दी जाएगी।
विशेषज्ञ ट्रेनर्स: इसके अलावा प्राथमिक उपचार/सीपीआर (First Aid/CPR) और आपदा प्रबंधन जैसे विषयों के लिए अलग से एक्सपर्ट ट्रेनर्स बुलाय जाएँगे ,रक्षित निरीक्षक श्रीमती ज्योति दुबे द्वारा सिंहस्थ 2028 महापर्व का सामान्य परिचय दिया गया। इसके बाद निरीक्षक राकेश उइके द्वारा सिंहस्थ का महत्व जैसे विषयों से प्रशिक्षणार्थियों को अवगत कराया गया।कार्यक्रम के अंत में रक्षित निरीक्षक श्रीमती ज्योति दुबे द्वारा सभी अतिथियों एवं प्रशिक्षणार्थियों का आभार व्यक्त किया गया तथा प्रशिक्षण को पूरी निष्ठा के साथ पूर्ण करने का संकल्प दोहराया गया।



