अमन पथ न्यूज़ बालोद से उत्तम साहू : जिले के गुण्डरदेही विकासखंड के ग्राम कोड़ेवा, खेरूद, खुटेरी में तांदुला नदी से बेधड़क रेत का अवैध उत्खनन किया जा रहा है। इस कार्य में सामान्य ग्रामीण से लेकर कई जनप्रतिनिधि भी शामिल है। पंचायत व ग्राम को औपचारिक शुल्क देकर आवास निर्माण के नाम पर भारी मात्रा में रेत डंप किया जा रहा है। खास बात यह है कि 100 रुपए की पंचायत पर्ची को ये माइनिंग की अनुमति बताते हैं। मंगलवार को कोड़ेवा नदी से इसी तरह पूर्व जनपद सदस्य भाजपा नेता मोहित साहू आवास निर्माण कार्य के नाम से ट्रैक्टर में रेत निकालते हुए नजर आए। जानकारी लेने पर उन्होंने बताया पंचायत द्वारा उन्हें अनुमति है और उन्होंने पंचायत की पर्ची भी दिखाई।
एक तरफ जिले में खनिज विभाग लगातार अवैध रेत खनन पर कार्रवाई कर रहा है। वही कई जगहों पर इस कार्रवाई का कोई भय नहीं है। यह आलम ग्राम कोड़ेवा में तांदुला नदी में देखा जा सकता है। बताया जाता है यहां पर दिनभर किसी भी समय रेत निकाली जाती है रात में भी रेत निकालने का काम होता है लेकिन इस तरफ माइनिंग विभाग का ध्यान नहीं गया है। यही वजह है कि जनप्रतिनिधि भी बेधड़क रेत निकालने में लगे हुए हैं। ग्राम पंचायत कोडेवा के सरपंच पुखराज देशमुख ने बताया कि आवास निर्माण के लिए रेत निकालने की गांव की व्यवस्था के तहत अनुमति दी गई है। गांव में यह फैसला हुआ है कि प्रति ट्रिप 100 रुपए लेकर रेत निकाली जाएगी। बताया जा रहा है कि गांव वालों के इस फैसले का कई लोग बेजा फायदा उठा रहे हैं। व्यवस्था के तहत उन्हें कुछ ट्रिप रेत ही निकालनी है लेकिन वे आवास निर्माण के नाम पर भारी मात्रा में रेत निकाल रहे हैं और डंप भी कर रहे हैं। गांव में यदि निरीक्षण किया जाए तो कई जगहों पर रेत डंप किए हुए मिल जाएंगे।



