एमसीबी : कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी सुश्री संतन देवी जांगड़े की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समय-सीमा की बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभागवार लंबित प्रकरणों, जनशिकायतों, जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को लंबित मामलों का समय-सीमा में निराकरण करने तथा शासन की योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र हितग्राही तक पहुंचाने के निर्देश दिए।
पीएम सूर्य घर योजना के 7,700 लक्ष्य पर जोर
प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना की समीक्षा के दौरान जिले के 7,700 के लक्ष्य को पूरा करने के लिए नगर पालिका, नगर पंचायतों और जनपद पंचायतों के माध्यम से हितग्राहियों को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए गए। सीईओ एवं सीएमओ को व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए फ्लेक्स लगाने तथा योजना के लाभों की जानकारी आम लोगों तक पहुंचाने कहा गया। शिक्षकों, प्राचार्यों और स्व-सहायता समूहों की महिलाओं को भी योजना से जोड़ने तथा स्मार्ट मीटर के साथ योजना को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया।
स्वास्थ्य और शिक्षा की स्थिति की समीक्षा
स्वास्थ्य विभाग के कार्यों की समीक्षा में आयुष्मान कार्ड, आयुष्मान कैंप, टीकाकरण, संस्थागत प्रसव, सिकल सेल स्क्रीनिंग, टीबी मुक्त पंचायत और मातृ स्वास्थ्य कार्यक्रमों की जानकारी ली गई। भरतपुर, मनेन्द्रगढ़ और खड़गवां में आयुष्मान कैंप आयोजित करने तथा भरतपुर जनपद में 15 सितंबर से कैंप शुरू करने के निर्देश दिए गए। संस्थागत प्रसव के बाद नवजात बच्चों का आधार कार्ड बनवाने और एनआरसी में रिक्त बेड भरने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने कहा गया।
शिक्षा विभाग की समीक्षा में पुस्तकों के वितरण, छात्रवृत्ति, अपार आईडी, स्कूलों की मूलभूत सुविधाओं, शिक्षकों की उपस्थिति तथा जर्जर एवं अतिरिक्त कक्ष निर्माण की प्रगति देखी गई। खड़गवां में अपार आईडी की संख्या बढ़ाने और भरतपुर के नेटवर्क विहीन ग्रामों की समस्याओं के समाधान के निर्देश दिए गए। कौशल विकास योजनाओं से पात्र युवाओं को अधिक से अधिक जोड़ने पर भी जोर दिया गया।
महिला एवं बाल विकास योजनाओं की समीक्षा
महतारी वंदन, प्रधानमंत्री मातृ वंदना, पोषण ट्रैकर, अपार आईडी और एनआरसी की प्रगति की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने योजनाओं के निर्धारित लक्ष्य पूरे करने और पात्र हितग्राहियों को समय पर लाभ दिलाने के निर्देश दिए।
धान उपार्जन की तैयारियां समय पर पूरी करने के निर्देश
कृषि विभाग की समीक्षा में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, पीएम किसान सम्मान निधि, एग्रीस्टैक, खाद-बीज भंडारण एवं वितरण और कृषि उन्नत योजना की स्थिति देखी गई। आगामी धान उपार्जन को देखते हुए लाई, बरबसपुर, घुटरा, कछौड़ एवं कोड़ा उपार्जन केंद्रों में आवश्यक सुधार समय रहते पूरा करने तथा धान-चावल का भंडारण सुनिश्चित करने कहा गया।
सड़क, सिंचाई और आवासीय निर्माण कार्यों पर नजर
जल संसाधन विभाग से जलाशयों, बांधों और नहरों की स्थिति की जानकारी लेते हुए आवश्यक मरम्मत कार्य समय पर पूरा करने तथा सिंचाई व्यवस्था सुचारू रखने के निर्देश दिए गए। पीएमजीएसवाई, लोक निर्माण विभाग, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा और छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल के कार्यों की भी समीक्षा की गई।
भरतपुर एवं जनकपुर कस्तूरबा हॉस्टल सहित केल्हारी, कोटाडोल और बरौता के आवासीय निर्माण कार्य समय पर पूर्ण करने तथा गृह निर्माण मंडल के कार्यों में गुणवत्ता सुनिश्चित करने कहा गया।
शिकायतों के निराकरण में गुणवत्ता जरूरी
सीएम हेल्पलाइन 1076, सीएम एवं कलेक्टर जनदर्शन, जन शिकायत, लोक सेवा गारंटी और सेवा सेतु के प्रकरणों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने कहा कि शिकायतों का केवल औपचारिक नहीं, बल्कि गुणवत्तापूर्ण और संतोषजनक निराकरण होना चाहिए। समय-सीमा से बाहर लंबित मामलों को प्राथमिकता से निपटाने के निर्देश दिए गए।
आवारा पशुओं की टैगिंग से लेकर ई-ऑफिस तक समीक्षा
पशुधन विकास विभाग को आवारा पशुओं की टैगिंग एवं पहचान के लिए कार्ययोजना तैयार करने कहा गया। पीएम स्वनिधि के तहत नगरीय निकायों में प्राप्त आवेदनों और वितरित ऋण की समीक्षा की गई। वन विभाग से पौधरोपण की तैयारी तथा तेंदूपत्ता संग्रहण एवं भुगतान की जानकारी ली गई।
बैठक में सुघ्घर छत्तीसगढ़, ई-ऑफिस, किसान क्रेडिट कार्ड, मत्स्य एवं पशुपालन, समाज कल्याण, उद्योग, उद्यानिकी, पीएचई, क्रेडा और पर्यटन विभाग के कार्यों की भी समीक्षा हुई।
कलेक्टर ने अधिकारियों को जनहित के कार्यों में तेजी लाने, योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग करने और विकास कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में जिला पंचायत सीईओ अंकिता सोम, अपर कलेक्टर अनिल कुमार सिदार, डिप्टी कलेक्टर, एसडीएम, जनपद सीईओ, तहसीलदार एवं विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे।




