आरंग : अवैध शराब के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के बीच आरंग पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक आर्टिका कार से 160 पाव देशी मसाला शराब जब्त की है। मामले में पुलिस ने सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में गुल्लू स्थित शराब दुकान का सुपरवाइजर, सैल्समेन और मल्टी वर्कर शामिल हैं। इसके अलावा एक सरकारी शिक्षक की भूमिका भी सामने आई है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से शराब के साथ परिवहन में इस्तेमाल की जा रही आर्टिका कार जब्त की है। जब्त सामान की कुल कीमत करीब 8.16 लाख रुपये बताई गई है। पुलिस अब इस अवैध शराब कारोबार से जुड़े अन्य लोगों और पूरे नेटवर्क की पड़ताल कर रही है।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने की घेराबंदी
पुलिस के मुताबिक, वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर थाना प्रभारी आरंग निरीक्षक नरेश साहू के नेतृत्व में टीम क्षेत्र में गश्त कर रही थी। इसी दौरान 14 सितंबर 2026 को मुखबिर से सूचना मिली कि सफेद रंग की आर्टिका कार क्रमांक CG 04 QB 5200 में गुल्लू स्थित शराब दुकान से शराब भरकर ग्राम रानीसागर की ओर ले जाया जा रहा है।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने ग्राम रानीसागर स्थित हनुमान मंदिर के पास घेराबंदी की। कुछ देर बाद संदिग्ध कार मौके पर पहुंची, जिसे पुलिस ने रोककर तलाशी ली।
कार से 160 पाव देशी मसाला शराब बरामद
तलाशी के दौरान कार से 160 नग पाव देशी मसाला शराब बरामद हुई। शराब की कुल मात्रा 28.800 बल्क लीटर बताई गई है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 16 हजार रुपये है।
पूछताछ में आरोपियों ने शराब को अवैध रूप से बिक्री के लिए ले जाने की बात स्वीकार की। इसके बाद पुलिस ने शराब के साथ करीब 8 लाख रुपये कीमत की आर्टिका कार भी जब्त कर ली। शराब और वाहन समेत कुल जब्ती करीब 8 लाख 16 हजार रुपये की है।
सरकारी शिक्षक समेत ये 7 आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने मामले में सात आरोपियों के खिलाफ धारा 34(2) आबकारी अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार किया है।
– उबारन दास पुरेना, 34 वर्ष, निवासी गुल्लू — गुल्लू शराब दुकान का सुपरवाइजर।
– सुरेश बांधे, 36 वर्ष, निवासी परसवानी — गुल्लू शराब दुकान का मल्टी वर्कर।
– तिरीत राम बांधे, 45 वर्ष, निवासी परसवानी — ग्राम अमोदी में शिक्षक।
– भरत रात्रे, 38 वर्ष, निवासी परसवानी — वाहन चालक।
– दिलीप कुमार कुर्रे, 50 वर्ष, निवासी अमोदी।
– भागवत बारले, 38 वर्ष, निवासी अमोदी।
– राजेश काटले, 31 वर्ष, निवासी कोडापार — गुल्लू शराब दुकान का सैल्समेन।
शराब दुकान के कर्मचारियों की भूमिका से पुलिस भी हैरान
थाना प्रभारी निरीक्षक नरेश साहू के अनुसार, प्रारंभिक जांच में सरकारी शराब दुकान से जुड़े कर्मचारियों की भूमिका सामने आई है। आरोप है कि दुकान से शराब निकालकर उसे अवैध बिक्री के लिए दूसरी जगह ले जाया जा रहा था।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस पूरे नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं, शराब की अवैध बिक्री कब से चल रही थी और इसमें अन्य लोगों की क्या भूमिका है।
कार्रवाई में सउनि अनिल चंद्रवंशी, प्रशिक्षु उपनिरीक्षक सुरेश बंधन, आरक्षक नियाज खान और सैनिक दुर्गेश चंद्राकर की महत्वपूर्ण भूमिका रही।




