2424 मनोकामना ज्योतियों से रोशन हुआ शक्तिपीठ
संवाददाता राजूनाथ जोगी नगरी : शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर सिहावा स्थित ऐतिहासिक एवं आस्था के प्रमुख केंद्र शीतला शक्ति पीठ में इन दिनों भक्ति, श्रद्धा और आध्यात्मिक ऊर्जा का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है। नवरात्रि के प्रथम दिवस से ही माता शीतला के दरबार में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। मंदिर परिसर में प्रज्वलित मनोकामना ज्योतियां श्रद्धालुओं की अटूट आस्था और विश्वास का प्रतीक बनकर वातावरण को भक्तिमय बना रही हैं।नवरात्रि के प्रथम दिवस प्रमुख घट स्थापना के पश्चात ज्योति धारियों ने विधि-विधान एवं परंपरागत रीति-रिवाज के साथ माता शीतला का दर्शन किया। श्रद्धालुओं ने माता के चरणों में पूजा-अर्चना कर अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए संकल्प लिया और शुभ मुहूर्त में दोपहर 3 बजे से मनोकामना ज्योतियां प्रज्वलित कीं।सिहावा विधायक अम्बिका मरकाम ने भी ज्योति प्रज्ज्वलित कर क्षेत्र की खुशहाली की कामना की। दीप प्रज्वलन के साथ ही पूरा मंदिर परिसर श्रद्धा के प्रकाश से जगमगा उठा। चारों ओर टिमटिमाती ज्योतियां और माता के जयकारों से वातावरण पूरी तरह आध्यात्मिक हो गया।
इस वर्ष शारदीय नवरात्रि में शीतला शक्ति पीठ में कुल 2424 मनोकामना ज्योतियां प्रज्वलित की गई हैं। इनमें घी की 251तथा तेल की 2173 ज्योतियां शामिल हैं। मंदिर परिसर में एक साथ प्रज्वलित इन ज्योतियों का मनोरम दृश्य श्रद्धालुओं को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है। भक्त अपनी-अपनी श्रद्धा और सामर्थ्य के अनुसार माता के दरबार में ज्योति प्रज्वलित कर परिवार की सुख-समृद्धि, स्वास्थ्य एवं खुशहाली की कामना कर रहे हैं।ज्योति प्रज्वलन के अवसर पर आचार्य नारायण प्रसाद पाठक ने ज्योति धारियों को विधि-विधान से संकल्प कराया। उन्होंने कहा कि नवरात्रि केवल धार्मिक पर्व नहीं, बल्कि शक्ति, साधना और आत्मिक शुद्धि का पर्व है। मां आदिशक्ति की आराधना से मनुष्य के जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। श्रद्धा एवं विश्वास के साथ की गई माता की उपासना मनुष्य को सद्मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है।
स्वयंभू माता के प्रति श्रद्धालुओं की अटूट आस्था
शीतला शक्ति पीठ समिति के अध्यक्ष नरेंद्र नाग ने बताया कि सिहावा की शीतला माता के प्रति क्षेत्रवासियों की आस्था अत्यंत गहरी है। माता का स्वरूप स्वयंभू होने के कारण इस दरबार का धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व और भी बढ़ जाता है। श्रद्धालुओं का विश्वास है कि माता शीतला अपने भक्तों के कष्टों को हरती हैं और उनकी मनोकामनाएं पूर्ण करती हैं। माता के दरबार में श्रद्धालुओं को विशेष अनुभूति होती है तथा मान्यता है कि माता भक्तों को पुष्प के माध्यम से अपना आशीर्वाद प्रदान करती हैं।इसी अटूट आस्था के चलते न केवल सिहावा बल्कि नगरी क्षेत्र और आसपास के गांवों के अलावा दूर-दराज से भी श्रद्धालु माता के दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं। नवरात्रि के दौरान मंदिर में सुबह से ही श्रद्धालुओं की कतार लगनी शुरू हो जाती है और दिनभर माता के जयकारों से मंदिर परिसर गूंजता रहता है।
रंग-बिरंगी रोशनी से निखरा मंदिर परिसर
शारदीय नवरात्रि को हर्षोल्लास और भव्यता के साथ मनाने के लिए शीतला शक्ति पीठ समिति द्वारा व्यापक तैयारियां की गई हैं। मंदिर परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है। रंग-बिरंगी विद्युत रोशनी से पूरा परिसर जगमगा रहा है। रात्रि के समय रोशनी से सजा माता का दरबार श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
मंदिर में दर्शन-पूजन के साथ नवरात्रि के दौरान धार्मिक वातावरण बनाए रखने के लिए विभिन्न व्यवस्थाएं की गई हैं। समिति के सदस्य श्रद्धालुओं की सुविधा, व्यवस्था एवं आयोजन को सफल बनाने के लिए लगातार जुटे हुए हैं।
तृतीया से अष्टमी तक प्रतिदिन भोजन प्रसादी
नवरात्रि में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए समिति द्वारा विशेष प्रसाद व्यवस्था भी की गई है। नवरात्रि के तृतीय दिवस से अष्टमी तक प्रतिदिन भोजन प्रसादी का वितरण किया जाएगा। नवरात्रि पर्व को सफल बनाने में समिति के अध्यक्ष नरेंद्र नाग, उपाध्यक्ष बलदेव निषाद एवं रामलाल नेताम,कोषाध्यक्ष गेंद लाल यादव, संरक्षक नेम सिंह बिशेन एवं मंशा गौर, सचिव नारद निषाद, सहसचिव बुधेश्वर साहू एवं लालेस्वर साहू, सलाहकार गगन नाहटा एवं भरत निर्मलकर, ग्राम पटेल राजेश यदु, आचार्य नारायण पाठक, सांस्कृतिक प्रभारी तुकाराम साहू,सह प्रभारी महेंद्र कौशल, निर्माण समिति प्रभारी सचिन भंसाली, पुजारी ज्ञान सागर पटेल एवं परमेश्वर नेताम सहित मेहतर गौर, राजकुमार निषाद, दीपक तंवर, छबि ठाकुर, संजय सारथी, प्रवीण गुप्ता, कुँवर साहू, जग्गू साहू, नरेश पटेल, महेश साहू, संतोष पवार, ललित निर्मलकर, सुभाष यादव, महेंद्र साहू, अभय नेताम, नवल साहू, दिनेश पटेल,कौशल पटेल,विनोद बैस,शैलेन्द्र कौशल, बैजनाथ पटेल, बाल सिंह शोरी, जसपाल कुंजाम,पूरन बिसेन,विष्णु साहू, रोहित साहू, शांतिलाल साहू, दीनदयाल गंधर्व, तुलसी कुंजाम, अंश गौतम, सुंदरियां साहू, चरणबती नेताम ,देवंतीन श्रीमाली, गोत्री बिसेन, खेमिन यादव सहित अन्य सदस्य सक्रिय रूप से अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर रहे हैं।





