Home आस्था चिता भस्म, गले में नरमुंडों की माला; मणिकर्णिका पर हुई मसाने की...

चिता भस्म, गले में नरमुंडों की माला; मणिकर्णिका पर हुई मसाने की होली?

0

11 मार्च 2025:- शिवपुराण में कथा आती है कि भगवान शिव माता पार्वती का गौना कराकर काशी लौटे तो समस्त देवी, देवता, मनुष्य, यक्ष, गन्धर्व और किन्नरों ने खूब जश्न मनाया और होली खेली. चूंकि यह जश्न सभ्य लोगों ने आयोजित किया था, इसलिए भगवान शिव की प्रेरणा से उनके सबसे प्रिय भूत, प्रेत, पिशाच व तमाम दृश्य तथा अदृश्य शक्तियां इस जश्न में शामिल नहीं हो सकी थी. ऐसे में बाबा विश्वनाथ ने अपने अघोरेश्वर स्वरुप में मसाने की होली खेली थी.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here