
एस एच अज़हर अमन पथ दंतेवाड़ा किरंदुल : परियोजना में दिनांक 06.07.2025 को “खनन में नई तकनीकों और उन्नत प्रौद्योगिकियों का प्रभाव: चुनौतियां और संभावनाएं” एवं “अपशिष्ट उत्खनन की आवश्यकता: एक अवलोकन” विषयों पर राजभाषा तकनीकी सेमिनार का आयोजन किया गया। उद्घाटन समारोह के मुख्य अतिथि संजीव साही, अधिशासी निदेशक, का विभागाध्यक्षों के साथ पुष्पगुच्छ देकर स्वागत किया गया।मुख्य अतिथि ने सेमिनार की प्रासंगिकता पर जोर देते हुए कहा कि भाषा सर्वसमावेशी और संप्रेषण में बाधारहित होनी चाहिए। तकनीकी शब्दावली भाषा की सहजता को बढ़ाती है। उन्होंने किरंदुल परियोजना द्वारा प्रतिवर्ष आयोजित इस सेमिनार की सराहना की और तकनीकी आलेखों के संकलन “तकनीकी क्षितिज” पत्रिका का विमोचन किया। के.एल. नागवेणी, उप महाप्रबंधक (कार्मिक), ने सेमिनार की उपयोगिता पर प्रकाश डाला और इस आयोजन की भूरि-भूरि प्रशंसा की। सर्वश्री के.पी. सिंह, मुख्य महाप्रबंधक (उत्पादन), राजेश संधु, सचिव एसकेएमएस, और ए.के. सिंह, सचिव एमएमडब्ल्यू यूनियन, ने भी सेमिनार के महत्व पर अपने विचार व्यक्त किए।
सेमिनार दो सत्रों में संपन्न हुआ, जिसमें पन्ना, बचेली, और किरंदुल के प्रतिभागियों ने पावरपॉइंट प्रस्तुतियों के माध्यम से चयनित विषयों पर विस्तृत जानकारी साझा की। मुख्य अतिथि ने प्रतिभागियों को स्मृति चिह्न और विभागाध्यक्षों को सम्मान चिह्न प्रदान किए।कार्यक्रम में सर्वश्री एम. सुब्रमण्यम, महाप्रबंधक (विद्युत), देवरायलू, अध्यक्ष एसकेएमएस, एस. गुहा, उप महाप्रबंधक (वित्त), सुनील कुमार, उप महाप्रबंधक (प्रशिक्षण व सुरक्षा), सहित कार्मिक विभाग के अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे।कार्यक्रम का संचालन संजय पाटील, सहायक महाप्रबंधक (राजभाषा), ने किया, जबकि ए.पी. पांडव, वरिष्ठ आशुलिपिक (हिंदी), उमेश ठाकुर, अमित मरकाम, और कार्मिक विभाग के अधिकारियों के योगदान से कार्यक्रम सफल रहा।



