शासन एवं पूर्व प्रदेश कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष प्रधानमंत्री की हालिया अपील को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है।
राधेश्याम सोनवानी गरियाबंद :- कांग्रेस नेताओं ने कहा कि पिछले दो माह से डीजल,पेट्रोल और गैस संकट से जूझ रही जनता को राहत देने के बजाय प्रधानमंत्री लोगों से “कम उपयोग” की सलाह दे रहे हैं,जो आम जनता के जख्मों पर नमक छिड़कने जैसा है।कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री किसानों को उर्वरक कम उपयोग करने,कर्मचारियों को वर्क फ्रॉम होम करने, महिलाओं को खाद्य तेल और गैस की खपत कम करने, लोगों को सोना नहीं खरीदने और विदेश यात्रा से बचने की सलाह दे रहे हैं, जबकि सरकार की जिम्मेदारी संकट का समाधान करना है।उक्त बाते धनेन्द्र साहू पूर्व मंत्री छ.ग. शासन एवं पूर्व प्रदेश कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष ने स्थानीय रेस्ट हाउस में पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा।आगे पत्रकारवार्ता में बताया कि देश में पिछले कई वर्षों से उर्वरकों की कमी बनी हुई है।किसानों को समय पर खाद नहीं मिलने से उत्पादन प्रभावित हो रहा है और खेती की लागत बढ़ रही है।कांग्रेस ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में लगभग 15 लाख मीट्रिक टन उर्वरक की आवश्यकता है,लेकिन अभी तक सीमित मात्रा ही समितियों तक पहुंच पाई है, जिससे किसानों में नाराजगी है।किसानों की आय दोगुनी करने का वादा करने वाली सरकार आज किसानों को उर्वरक कम उपयोग करने की सलाह दे रही है,जिससे उत्पादकता प्रभावित होगी।
वही कांग्रेस ने प्रधानमंत्री की वर्क फ्रॉम होम संबंधी अपील पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि फेरी लगाने वाले,छोटे व्यापारी,मजदूर और फील्ड में काम करने वाले लोग घर बैठकर कैसे रोजगार चला पाएंगे। नेताओं ने कहा कि देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने “आराम हराम है” का संदेश दिया था,जबकि वर्तमान सरकार लोगों को काम कम करने की सलाह दे रही है।
महंगाई और पेट्रोल-डीजल संकट पर घेरा
कांग्रेस ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार महंगाई नियंत्रित करने में पूरी तरह विफल रही है।खाद्य तेल, गैस,पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भारी बढ़ोतरी से आम आदमी का बजट बिगड़ चुका है। पत्रकारवार्ता में कहा गया कि पेट्रोल-डीजल पर भारी कर लगाकर जनता पर आर्थिक बोझ डाला गया है।साथ ही छत्तीसगढ़ के कई इलाकों, विशेषकर छत्तीसगढ़ के सरगुजा संभाग में डीजल-पेट्रोल की कमी से लोग परेशान हैं, वहीं कमर्शियल गैस की कमी से उद्योग प्रभावित हो रहे हैं।
“आम आदमी कर्ज में डूबा”
कांग्रेस नेताओं ने दावा किया कि बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, टोल टैक्स,रेल किराया और जीएसटी के कारण आम परिवारों की आय और बचत दोनों घटी हैं।परिवारों को घरेलू जरूरतें पूरी करने के लिए कर्ज लेना पड़ रहा है।
पत्रकारवार्ता में प्रधानमंत्री की विदेश यात्राओं और सरकारी खर्चों का मुद्दा उठाते हुए कांग्रेस ने कहा कि जनता को बचत की सलाह देने वाली सरकार खुद फिजूलखर्ची कर रही है।कांग्रेस नेताओं ने भाजपा नेताओं और मंत्रियों से भी डीजल-पेट्रोल बचाने के लिए साइकिल चलाने की अपील की।
“मोदी सरकार संकट संभालने में विफल”
कांग्रेस ने कहा कि देश पहले भी वैश्विक संकटों का सामना कर चुका है,लेकिन पूर्व सरकारों ने सूझबूझ से हालात संभाले थे। विपक्ष का आरोप है कि केंद्र सरकार संकट के समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाने के बजाय जनता से खपत कम करने की अपील कर रही है।
पत्रकारवार्ता के अंत में कांग्रेस नेताओं ने कहा कि केंद्र सरकार को महंगाई,ईंधन संकट और बेरोजगारी पर ठोस नीति बनाकर जनता को राहत देनी चाहिए।
पत्रकार वार्ता में मुख्य रूप से जिलाध्यक्ष सुखचंद बेसरा,विधायक जनक ध्रुव के साथ अन्य पदाधिकारी और कार्यकता उपस्थित थे।



