गौरेला पेंड्रा मरवाही: छत्तीसगढ़ के गौरेला पेंड्रा मरवाही कोटमी के बाजार में सराफा व्यवसायी प्रदीप सोनी की हत्या के मामले में छह दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ हत्यारों का कोई भी सुराग नहीं लग पाया है। पीड़ित परिवार के साथ छत्तीसगढ़ जनता कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी के नेतृत्व में पीड़ित परिवार के सदस्यों ने जिला कलेक्टर से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने पुलिसिया कार्रवाई पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए मामले की उच्च स्तरीय सीबीआई (CBI) जांच कराने की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा।
कातिलों के एनकाउंटर की मांग
कलेक्टर कार्यालय पहुंचे पीड़ित परिवार ने कहा कि घटना के छह दिन बाद भी आरोपियों का सुराग न मिल पाना स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली और सुरक्षा तंत्र पर बड़ा सवालिया निशान है। मुलाकात के दौरान मृतक प्रदीप सोनी की शोकाकुल बेटी का गुस्सा और दर्द साफ नजर आया। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि उसके पिता के बेरहम कातिलों को समाज में रहने का कोई हक नहीं है, उनका तत्काल एनकाउंटर किया जाना चाहिए।
प्रशासन से की गई दो मुख्य मांगें
अमित जोगी और पीड़ित परिवार ने ज्ञापन के माध्यम से साप्ताहिक बाजारों के दौरान सराफा व्यवसायियों की सुरक्षा का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। प्रशासन के समक्ष दो मुख्य मांगें रखी गईं ग्रामीण और साप्ताहिक बाजारों में आवाजाही करने वाले सराफा कारोबारियों को पुलिस सुरक्षा मुहैया कराई जाए। आत्मरक्षा के लिए हथियार भय के माहौल को देखते हुए सुरक्षा के लिहाज से व्यापारियों को प्राथमिकता के आधार पर ‘शस्त्र लाइसेंस (लाईसेंस गन) स्वीकृत किए जाएं।
जेसीसीजे नेता अमित जोगी ने दी चेतावनी
इस दौरान जेसीसीजे नेता अमित जोगी ने कहा कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है, जिससे व्यापारी वर्ग खुद को असुरक्षित महसूस कर रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई और मामला केंद्रीय जांच एजेंसी को नहीं सौंपा गया, तो पीड़ित परिवार के न्याय के लिए उग्र आंदोलन किया जाएगा।



