एमसीबी/ आम नागरिकों की समस्याओं के त्वरित समाधान एवं सुशासन की भावना को मजबूत करने के उद्देश्य से कलेक्टर सुश्री संतन देवी जांगड़े के मार्गदर्शन में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जनदर्शन कार्यक्रम आयोजित किया गया। समय-सीमा बैठक के दौरान आयोजित जनदर्शन में जिले के दूर-दराज के ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में पहुंचे नागरिकों ने अपनी व्यक्तिगत एवं सार्वजनिक समस्याओं से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए। कलेक्टर ने प्रत्येक आवेदक की समस्या को गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ सुना तथा संबंधित विभागीय अधिकारियों को सभी प्रकरणों का प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए।इस अवसर पर जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी अंकिता सोम एवं अपर कलेक्टर अनिल कुमार सिदार ने भी आम नागरिकों की समस्याएं सुनीं और संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
जनदर्शन में भूमि विवाद, राजस्व अभिलेखों में नाम सुधार, मुआवजा राशि, अवैध कब्जा, फर्जी खरीदी-बिक्री, धान जप्ती, आवास योजना, जाति प्रमाण-पत्र, रेलवे मुआवजा, पटवारी की कार्यशैली सहित विभिन्न विभागों से संबंधित अनेक आवेदन प्राप्त हुए। महाई निवासी बाबूलाल ने भूमि संबंधी मामला, बड़गांवखुर्द के सरपंच ने सचिव के स्थानांतरण की मांग, बड़काबहरा निवासी इंद्रवती ने मुआवजा राशि दिलाने, रोकड़ा निवासी हीरालाल ने जप्त धान वापस दिलाने, मनेंद्रगढ़ निवासी अशोक खटिक ने फर्जी खरीदी-बिक्री एवं अवैध कब्जे की जांच, रामगढ़ निवासी रामकुमार ने जनहानि सहायता राशि, बौरीडांड निवासी लक्ष्मण प्रकाश ने आवास प्लस सूची में नाम जोड़ने तथा नागपुर निवासी दीपक कुमार ने भूमि संबंधी आवेदन प्रस्तुत किया।
इसी प्रकार साल्ही ग्राम पंचायत के सरपंच ने हल्का पटवारी के ग्राम सभा में अनुपस्थित रहने की शिकायत की, चित्ताझोर पोंडी निवासी अब्दुल रसीद खान सहित दशरथ सिंह, रामभजन, जगदीश, सोनमती, कल्याण देवी, फूलमती एवं मुतवल्ली अंजुमन ने भूमि संबंधी प्रकरण प्रस्तुत किए। सेमरा निवासी रामकुंवर ने जाति प्रमाण-पत्र, खैरबना निवासी रूप नारायण ने रेलवे मुआवजा, बड़काबहरा निवासी उपेंद्र कुमारी ने राजस्व अभिलेखों में नाम सुधार, घोड़बंधा निवासी संगीता यादव ने अस्थायी जाति प्रमाण-पत्र तथा बरबसपुर निवासी मीनाक्षी ने अटल आवास योजना की सूची में पुनः नाम शामिल किए जाने का आवेदन दिया।
कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि जनदर्शन शासन और जनता के बीच विश्वास का सशक्त माध्यम है। प्रत्येक आवेदन का गंभीरता से परीक्षण कर निर्धारित समय-सीमा में निराकरण किया जाए, ताकि आम नागरिकों को अनावश्यक कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें और उन्हें समय पर न्याय एवं शासन की योजनाओं का लाभ मिल सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी आवेदनों की नियमित मॉनिटरिंग करते हुए समाधान की जानकारी भी आवेदकों तक समय पर पहुंचाई जाए।



