नई दिल्ली. समाजवादी पार्टी (SP) की सांसद जया बच्चन ने कुंभ मेले को लेकर विवादित बयान दिया है. उन्होंने कहा कि मेले में पानी सबसे अधिक दूषित है, क्योंकि भगदड़ में मारे गए लोगों के शव नदी में फेंक दिए गए, जिससे पानी बेहद दूषित हो गया है. जया बच्चन ने संसद परिसर में संवाददाताओं से बातचीत में कहा, ‘अभी सबसे ज्यादा दूषित पानी कहां है? कुंभ में… वहां मची भगदड़ में जिन लोगों की मौत हुई, उनके शव नदी में फेंक दिए गए हैं, जिससे पानी दूषित हो गया है. असली मुद्दों पर कोई बात नहीं कर रहा.’
सपा सांसद ने इसके साथ ही महाकुंभ में आने वाले लोगों की संख्या पर भी सवाल उठाए हैं. उन्होंने कहा, ‘कुंभ में आने वाले आम लोगों को कोई विशेष सुविधा नहीं दी जा रही, उनके लिए कोई व्यवस्था नहीं है. यह झूठ बोला जा रहा है कि वहां करोड़ों लोग आ चुके हैं. इतनी बड़ी संख्या में लोग किसी भी समय एक जगह पर कैसे इकट्ठा हो सकते हैं?’
राजनीतिक और धार्मिक संगठनों का तीखा विरोध
जया बच्चन के इस बयान पर बीजेपी नेताओं, धार्मिक संगठनों और सोशल मीडिया यूजर्स ने तीखी प्रतिक्रिया दी है. बीजेपी ने इसे हिन्दू आस्था और कुंभ मेले का अपमान करार दिया है. वहीं कई धार्मिक नेताओं और संगठनों ने जया बच्चन से माफी की मांग की है और उनके बयान को ‘गुमराह करने वाला और असंवेदनशील’ बताया है.
इससे पहले समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी महाकुंभ में मौनी अमावस्या के दिन मची भगदड़ में हुई मौतों पर सवाल उठाए थे. उन्होंने कहा था कि सरकार महाकुंभ में जान गंवाने वाले श्रद्धालुओं के आंकड़े दे. अखिलेश यादव ने योगी आदित्यनाथ सरकार पर निशाना साधते हुए मांग की थी कि दुनिया के सबसे बड़े धार्मिक समागम का प्रबंधन तुरंत सेना को सौंप दिया जाना चाहिए.वहीं, उत्तर प्रदेश सरकार ने इन तमाम दावों को खारिज करते हुए कहा है कि कुंभ में स्वच्छता और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं और नदी में शवों के मिलने की कोई घटना सामने नहीं आई है.



