सावन माह को भोलेनाथ की आराधना और भक्ति के लिए अति शुभ माना जाता है. सावन माह में शनिवार के दिन भोलेनाथ के साथ न्याय के देवता शनि देव की आराधना करने के लिए पुण्य फल की प्राप्ति होती है. शनि देव को भगवान शिव का शिष्य माना जाता है. इन दोनों का संबंध बहुत गहरा है. इसीलिए सावन में इन दोनों की पूजा फलदायी हो सकती है.
शनिवार के दिन दोनों की देवताओं की आराधना करने से गुरु और शिष्य दोनों का आशीर्वाद प्राप्त होता है और सभी कार्य पूर्ण हो जाते हैं. सावन माह का दूसरा शनिवार 19 जुलाई, 2025 को पड़ रहा है. जानते हैं इस दिन कैसे करें देवों के देव महादेव और कर्मफल देवता शनि देव की पूजा, साथ ही जानें इस दिन किए जाने वाले उपाय.
सावन शनिवार उपाय
2. जिन लोगों पर शनि की साढ़ेसाती , शनि की ढैय्या चल रही है या शनि दोष से पीड़ित हैं उन लोगों को सावन के शनिवार पर पूजा करने से लाभ मिल सकते हैं. इस दिन पीपल के पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक, काले तिल डाल कर जलाएं. इसके बाद शिव जी के मंत्रों का जाप करें और फिर शनि देव के मंत्र का जाप करें.
3. सावन के शनिवार को संपत शनिवार कहा जाता है. सावन के शनिवार पर धन और संपत्ति का लाभ हो सकता है.क्योंकि यह धन और संपत्ति देता है इसीलिए इसे संपत शनिवार कहते हैं.
सावन के सभी शनिवार पर शनि देव की पूजा जरूर करें, ऐसा करने से आपको लाभ हो सकता है और आपका स्वास्थ्य अच्छा रहेगा, साथ ही धन लाभ हो सकता है. सावन के महीने में शनिदेव की उपासना सबसे ज्यादा लाभकारी मानी जाती है. सावन में जो लोग शनि देव की पूजा करते हैं उनके लिए इसके परिणाम बहुत शुभ होते हैं.



