
रिपोर्टर मुन्ना पांडेय सरगुजा : रियासत काल से लखनपुर में एक रोज बाद एकादशी तिथि को विजयादशमी दशहरा पर्व मनाये जाने की परम्परा रही है। इसी कड़ी को आगे बढ़ाते हुए 3 अक्टूबर दिन शुक्रवार को नगर मे विजयादशमी दशहरा पर्व मनाई जाएगी। खूबसूरत आतिशबाजी नज़ारे के साथ रावण दहन कार्यक्रम का आयोजन होगा। लखनपुर में इसलिए एक रोज बाद मनाया जाता है विजयादशमी जनश्रुति से पता चलता है कि लखनपुर में स्वतंत्र भारत से पहले 1944 ईस्वी सन से दुर्गा पूजा मनाये जाने की चलन जमींदारी काल में आरंभ हुई थी तब से लेकर निरंतर जारी है। लखनपुर में विजयादशमी दशहरा एक दिन बाद क्यों? मनाई जाती है इसका कोई लिखित ऐतिहासिक दस्तावेज तो नहीं है। लेकिन किंवदंतियों से पता चलता है कि रामपुर तप्पा अंतर्गत लखनपुर रियासत के जमींदार दसवीं तिथि अर्थात विजयादशमी दशहरा के रोज़ शाही सवारी के साथ अपने महाराजा के सम्मान में सलामी तथा नजराना पेश करने अम्बिकापुर जाते थे। यही वजह रही है कि एक दिन बाद लखनपुर में विजयादशमी पर्व मनाया जाता है।
इसके अतिरिक्त दूसरा कारण यह भी बताया जाता है कि ठीक विजयादशमी के दिन लखनपुर राजपरिवार प्रमुख लालबहादुर माहेश्वरी प्रसाद सिंह देव का देहावसान हो गया था। और विजयादशमी दशहरा पर्व को स्थगित करना पड़ा था। तब से एक रोज बाद एकादशी तिथि को विजयादशमी दशहरा मनाये जाने की प्रथा चली आ रही है। वर्तमान में इसी कड़ी को आगे बढ़ाते हुए शुक्रवार को दशहरा मनाईं जायेगी। साक्षरता मिनी स्टेडियम में असत्य पर सत्य का तथा बुराई पर अच्छाई के जीत का प्रतीक रावण दहन कार्यक्रम केबिनेट मंत्री छत्तीसगढ़ शासन राजेश अग्रवाल के अध्यक्षता में सम्पन्न होगी।
इस मौके पर बेहतरीन आतिशबाजी के साथ रावण दहन किया जायेगा।
रावण दहन कार्यक्रम समिति प्रमुख विजय अग्रवाल हरविंद अग्रवाल, कृपा शंकर गुप्ता, नीरज अग्रवाल राकेश अग्रवाल नरेंद्र पांडेय रवि अग्रवाल सुरेश साहू,सौरभ अग्रवाल राहुल अग्रवाल राजेन्द्र जायसवाल,दिनेश बारी सहित तमाम बड़े हस्ती मौजूद रहेंगे।
थाना में आयोजित शांति समिति के बैठक में लिये गये निर्णय के मुताबिक असमाजिक गतिविधियों , शराब पीकर हुड़दंग मचाने वाले हुड़दंगियों मोटरसाइकिल पर तीन चार सवारी बैठाकर तेज रफ्तार चलने वालों पर निगरानी रखने पहली बार पुलिस द्वारा ड्रोन कैमरे का सहारा लिया जा रहा है ताकि शांति व्यवस्था कायम रहे। भीड़ को नियंत्रित रखने पुलिस द्वारा कडे इंतजामात किये गये हैं। ताकि विजयादशमी दशहरा पर्व सौहार्दपूर्ण तरीके से मनाई जा सके। बाजार पारा दूर्गा मंडप एवं नवचेतना दूर्गा मंडप जूना लखनपुर से शोभा यात्रा निकाली जायेगी नगर परिक्रमा कराते हुए प्रतिमाओं को हाईस्कूल साक्षरता मीनी स्टेडियम के पास लाया जायेगा जहां रावण पुतले का दहन होगा।दोनो समिति अध्यक्षो के अगुआई में दूर्गा प्रतिमाओं को बेलदगी मुख्य मार्ग में स्थित प्राचीन देवतालाब में विसर्जित किया जायेगा। लखनपुर को छोड़कर कटिन्दा, जोधपुर, गोरता, लटोरी, कुन्नी सहित आसपास के गांवों में विजयादशमी दशहरा पर्व धूमधाम से मनाई गई तथा पंडालों में रखे दूर्गा प्रतिमाओं को गाजे बाजे के साथ नाचते गाते विसर्जित किया गया।



