सुरेश मिनोचा एमसीबी : डिजिटल युग में मोबाइल फोन केवल बातचीत का साधन नहीं बल्कि व्यक्तिगत जानकारी, बैंकिंग, दस्तावेज़ और पहचान का अहम माध्यम बन चुका है। ऐसे में मोबाइल फोन का गुम होना आम नागरिकों के लिये बड़ी चिंता का कारण बन जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए पुलिस महानिरीक्षक सरगुजा रेंज दीपक कुमार झा के निर्देश और पुलिस अधीक्षक मनेन्द्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर श्रीमती रत्ना सिंह के मार्गदर्शन में साइबर सेल मनेन्द्रगढ़ द्वारा 01 दिसंबर 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक गुम मोबाइल फोनों की बरामदगी के लिये विशेष अभियान चलाया गया।
इस विशेष अभियान के दौरान साइबर सेल टीम ने तकनीकी संसाधनों, आईएमईआई ट्रैकिंग और सतत निगरानी के माध्यम से कुल 25 गुमशुदा मोबाइल फोन सफलतापूर्वक बरामद किये। बरामद मोबाइल फोनों की अनुमानित कुल कीमत लगभग 3,30,000 रुपये बताई गई है। सभी मोबाइल फोन विधिवत प्रक्रिया पूर्ण कर उनके वास्तविक मालिकों को सुपुर्द कर दिया गया है।
मोबाइल फोन वापस पाकर नागरिकों के चेहरों पर खुशी साफ नजर आई। कई लोगों ने बताया कि मोबाइल गुम होने के बाद उन्हें ना सिर्फ आर्थिक नुकसान बल्कि निजी डेटा के दुरुपयोग की भी चिंता सताने लगी थी। ऐसे में साइबर सेल की सक्रियता और तत्परता से मोबाइल वापस मिलना उनके लिये बड़ी राहत साबित हुआ। नागरिकों ने मनेन्द्रगढ़ पुलिस और साइबर सेल टीम के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस तरह की कार्यवाही से आमजन में पुलिस के प्रति भरोसा और सुरक्षा की भावना मजबूत होती है।
पुलिस प्रशासन ने भी नागरिकों से अपील की है कि मोबाइल गुम होने की स्थिति में तत्काल नजदीकी थाना, साइबर सेल या संबंधित ऑनलाइन पोर्टल पर सूचना दें ताकि समय रहते मोबाइल की ट्रैकिंग कर उसे बरामद किया जा सके।इस सराहनीय कार्यवाही में साइबर सेल प्रभारी निरीक्षक विवेक पाटले, प्रधान आरक्षक पुष्कल सिन्हा, आरक्षक भूपेंद्र यादव, राकेश तिवारी और दीप तिवारी की महत्वपूर्ण भूमिका रही। टीम की तकनीकी दक्षता, समर्पण और निरंतर प्रयासों से यह अभियान सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।



