Home छत्तीसगढ़ किरंदुल कोड़ेनार पंचायत के बंगाली कैंप में नेताजी सुभाष चंद्र बोस की...

किरंदुल कोड़ेनार पंचायत के बंगाली कैंप में नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती पर भव्य और ऐतिहासिक आयोजन

0

किरंदुल  : कोड़ेनार पंचायत के बंगाली कैंप में आज आज़ाद हिंद फौज के महान सेनानायक, जननायक और युवाओं के प्रेरणास्रोत नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती अत्यंत श्रद्धा, सम्मान और देशभक्ति के भावपूर्ण वातावरण में भव्य रूप से मनाई गई।
इस ऐतिहासिक अवसर पर किरंदुल क्षेत्र के आम जनमानस, जनप्रतिनिधि, भूतपूर्व सैनिक, विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि, स्कूलों के शिक्षकगण तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। कार्यक्रम स्थल को देशभक्ति के नारों, तिरंगे और नेताजी के विचारों से सजाया गया था, जिससे पूरा परिसर राष्ट्रभक्ति की भावना से ओत-प्रोत नजर आया।

कार्यक्रम की शुरुआत नेताजी सुभाष चंद्र बोस के चित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करने से हुई। उपस्थित सभी लोगों ने “जय हिंद”, “नेताजी अमर रहें” जैसे जोशीले नारों के साथ उनके अदम्य साहस, त्याग और राष्ट्रप्रेम को याद किया। सभी ने एक स्वर में नेताजी के दिखाए मार्ग पर चलने, उनके आदर्शों को जीवन में उतारने तथा राष्ट्रसेवा के लिए सदैव तत्पर रहने की प्रतिज्ञा ली।

भूतपूर्व सैनिकों ने नेताजी के जीवन पर प्रकाश डालते हुए आज़ाद हिंद फौज के गठन, अंग्रेजों के विरुद्ध उनके संघर्ष, अनुशासन और बलिदान की गाथा को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। उनके ओजस्वी वक्तव्य सुनकर युवाओं और बच्चों में राष्ट्रप्रेम की नई ऊर्जा का संचार हुआ।

कार्यक्रम के दूसरे चरण में विद्यालयीन छात्र-छात्राओं ने देशभक्ति से ओत-प्रोत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। गीत, नृत्य और नाट्य मंचन के माध्यम से नेताजी के जीवन, त्याग और देश के प्रति उनके समर्पण को जीवंत रूप में दर्शाया गया। दर्शक भावविभोर हो उठे और तालियों की गड़गड़ाहट से बच्चों का हौसला बढ़ाया।

जनप्रतिनिधियों ने संबोधन में कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि एक जीवंत विचारधारा हैं। उनके आदर्श आज भी युवाओं को राष्ट्रनिर्माण की दिशा में प्रेरित करते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि वर्तमान समय में नेताजी के विचारों को अपनाना ही उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि होगी।

अंत में सभी उपस्थित लोगों ने नेताजी को नमन करते हुए उनके बताए मार्ग पर चलने का दृढ़ संकल्प लिया। यह आयोजन मात्र एक जयंती समारोह नहीं रहा, बल्कि नई पीढ़ी में देशभक्ति, अनुशासन और त्याग की भावना जागृत करने वाला एक मजबूत प्रेरणास्रोत सिद्ध हुआ।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here