
एसपी वैभव बैंकर रमनलाल ने बताया कि विश्वनाथ ने बलरामपुर में भी अपना घर बना लिया था और यहां आना-जाना करता था. 29 जनवरी 2026 को विश्वनाथ की लाश ग्राम पंचायत सतीसेमर में सिंदूर नदी के किनारे रेत में दफन पाई गई थी. पहली ही नजर में पुलिस को यह हत्या का मामला लग रहा था. पुलिस की टीम ने पहले शव की पहचान कराई, उसके बाद जांच शुरू कर दी.
रायपुर में किराये के मकान में रखा
पुलिस को जांच में पता चला कि बलरामपुर मे पोस्टिंग के दौरान विश्वनाथ ने सिवनी की रहने वाली क्लाटिका केरकेट्टा से दूसरी शादी कर ली थी, जिससे उसके दो बच्चे भी हैं. उसने दूसरी पत्नी को को रायपुर में किराये के मकान पर रखा था. पति से दूर रहने के कारण की दोस्ती चलगली के रहने वाले विवेक टोप्पो से हो गई थी. फेसबुक के जरिए दोनों की मुलाकात हुई थी और फिर दोनों में प्रेम संबंध बन गए थे.
प्रेमी से मंदिर में कर ली शादी
आरोपी महिला ने अपने प्रेमी विवेक से तातापानी मंदिर में गोपनीय तरीके से शादी भी कर ली थी और उसकी के साथ रहने की ठानी. विश्वनाथ को उसके प्रेमी के बारे में पता चल गया. इसको लेकर दोनों के बीच अक्सर विवाद होने लगा था. इसी के चलते क्वलाटिका ने प्रेमी विवेक के साथ मिलकर पति विश्वनाथ को रास्ते से हटाने की योजना बनाई.
आरोपी पत्नी ने अपनी प्रेमी के साथ मिलकर पति को छुट्टी लेकर गांव बुलाया और फिर उसके प्रेमी ने सिर पर लोहे के हथियार से वारकर हत्या कर दी. दोनों ने लाश को नदी किनारे रेत में दफन कर दिया था. मामले में पुलिस की टीम ने अब मृतक की दूसरी पत्नी क्लाटिका और उसके प्रेमी विवेक टोप्पो को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.



