
बीजापुर : जिले में नक्सलियों की एक बड़ी साजिश को सुरक्षा बलों ने समय रहते विफल कर दिया है। आज स्टेट हाईवे-63 पर सर्चिंग अभियान पर निकले सुरक्षा बलों के जवानों ने आवापल्ली से मुर्दोन्डा के बीच पक्की सड़क के नीचे छिपाकर लगाया गया करीब 30 किलो वजनी शक्तिशाली आईईडी (इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस) बरामद किया, जिसके बाद उसे ब्लास्ट कर निष्क्रिय किया गया। सीआरपीएफ और अन्य सुरक्षा बलों की सतर्कता से संभावित बड़ी जनहानि टल गई।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, सुरक्षा बलों की टीम नियमित क्षेत्र प्रभुत्व और सर्चिंग अभियान पर निकली थी। इसी दौरान सड़क के नीचे दबे एक पानी से भरे ड्रम में संदिग्ध गतिविधि के संकेत मिले। जवानों ने इलाके को तत्काल घेराबंदी कर सुरक्षित किया और बम निरोधक दस्ते को मौके पर बुलाया। जांच में पुष्टि हुई कि ड्रम के भीतर भारी मात्रा में विस्फोटक सामग्री फिट कर आईईडी तैयार किया गया था।
सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए बम निरोधक दस्ते ने सावधानीपूर्वक आईईडी को बाहर निकाला। इसके बाद नियंत्रित विस्फोट (कंट्रोल्ड ब्लास्ट) के जरिए उसे निष्क्रिय कर दिया गया। अधिकारियों का मानना है कि यदि यह विस्फोटक समय पर बरामद नहीं होता तो सुरक्षा बलों की गश्ती पार्टी या आम नागरिकों को गंभीर नुकसान पहुंच सकता था।
जानकारी के अनुसार, लंबे अंतराल के बाद नक्सलियों ने आवापल्ली-मुर्दोन्डा मुख्य मार्ग को निशाना बनाया है। यह मार्ग सुरक्षा बलों की आवाजाही और ग्रामीणों के लिए महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग माना जाता है। हाल के महीनों में बीजापुर जिले में डीआरजी, सीआरपीएफ, कोबरा और एसटीएफ द्वारा संयुक्त रूप से लगातार सघन अभियान चलाए जा रहे हैं। इन अभियानों में नक्सली नेटवर्क को लगातार नुकसान पहुंचा है, जिससे बौखलाकर नक्सलियों द्वारा इस तरह की बड़ी वारदात की साजिश रची गई थी।
घटना के बाद पूरे इलाके में सर्चिंग अभियान और तेज कर दिया गया है। सुरक्षा बल आसपास के क्षेत्रों में अतिरिक्त सतर्कता बरत रहे हैं, ताकि किसी भी संभावित खतरे को समय रहते निष्क्रिय किया जा सके। अधिकारियों ने स्थानीय लोगों से भी अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध वस्तु या गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें।
सुरक्षा बलों की इस कार्रवाई से एक बार फिर स्पष्ट हुआ है कि क्षेत्र में सक्रिय बलों की मुस्तैदी और रणनीतिक सतर्कता के कारण नक्सलियों की साजिशें लगातार विफल हो रही हैं।



