शंकरगढ़ : शंकरगढ़ थाना क्षेत्र अंतर्गत धारापानी गांव में चोरी के शक में एक युवक की ग्रामीणों द्वारा बेरहमी से पिटाई कर दी गई। इस घटना ने एक बार फिर भीड़तंत्र और कानून को हाथ में लेने की प्रवृत्ति पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
जानकारी के अनुसार गांव में सरसों चोरी होने की बात सामने आई थी। इसी आधार पर संदेह जताते हुए ग्रामीणों ने श्रीकांत नामक युवक को पकड़ लिया। बिना किसी आधार के ग्रामीणों ने खुद ही उसे दोषी मानते हुए सजा देना शुरू कर दिया।
भीड़ की क्रूरता और अमानवीय व्यवहार
देखते ही देखते भीड़ उग्र हो गई और युवक की जमकर पिटाई की गई। आरोप है कि मारपीट के दौरान उसके सिर के बाल तक उखाड़ दिए गए और कपड़े फाड़ दिए गए। युवक को बचाने पहुंचे उसके माता-पिता के साथ भी मारपीट की। युवक लगातार खुद को निर्दोष बताता रहा, लेकिन भीड़ का गुस्सा शांत नहीं हुआ। लंबे समय तक चली पिटाई के बाद युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल रेफर कर दिया गया है।
पुलिस कार्रवाई और बीएनएस के तहत मामला दर्ज
घटना की सूचना मिलते ही शंकरगढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। इस मामले में करौंधा निवासी और युवक की मां पुष्पा देवी पति प्रेम प्रमानंद की लिखित शिकायत पर शंकरगढ़ पुलिस ने परसु राम, रोपना, कमलसाय एवं अन्य के खिलाफ बीएनएस (BNS) की धारा 296, 351 (2), 115 (2) एवं 3 (5) के तहत अपराध दर्ज कर लिया है।



