संवाददाता अमनपथ राजूनाथ जोगी नगरी : 26 मई 2026 को कलेक्टर अबिनाश मिश्रा के निर्देश पर वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी कार्यालय धमतरी में उर्वरक विक्रेताओं की बैठक आयोजित की गई। बैठक में अनुविभागीय अधिकारी कृषि मनोज सागर ने जिले के समस्त उर्वरक विक्रेताओं को खाद वितरण एवं विक्रय से संबंधित आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में अधिकारियों ने निर्देशित किया कि किसानों को उर्वरकों का वितरण पूरी पारदर्शिता एवं नियमानुसार किया जाए। साथ ही फसलवार अनुशंसा के आधार पर ही उर्वरकों का विक्रय सुनिश्चित करने कहा गया। विशेष रूप से धान फसल के लिए इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय द्वारा अनुशंसित उर्वरक मात्रा की जानकारी विक्रेताओं को दी गई मगर कलेक्टर के आदेश का व्यपारियो के उपर कोई फर्क नही पडा और वे गुपचुप तरीके से अवैध खाद की कालाबाजारी कर रहे जिसकी बार बार किसानो को खाद की शिकायते भी आम जगहो पर चर्चा व्याप्त है रविवार को साकरा फारेस्ट चेक पोष्ट के पास एक ट्रेक्टर खाद भर कर पहुची जहा किसानो से जानकारी लिये तो किसानो को पास खाद का वैद्य दस्तावेज भी मौजूद नही था पास मशीन का बिल भी उपलब्ध नही था किसानो के पास हस्तलिखित कच्ची बिल मौजूद था 266 का यूरिया 650 मे वही जब किसान शिवलाल , बुधराम , लखन लाल व विष्णु से जानकारी लिये तो उन्होने बताया की दूकान दार 265 रूपय का कच्ची बिल दिया है मगर एक बोरी यूरिया को 650 रूपय मे दिया है अगर हम ये खाद नही खरीदेंगे तो किसानी कैसे करे हमारी मजबूरी है चाहे जिस दाम मे भी खाद मिले हमे तो कृषि कार्य करना है वही कई किसानो ने बताया की आज खाद के किल्लत के चलते हमे महंगे दामो पर खाद खरीदनी पड रही है कई व्यपारी तो स्पष्ट कहते है की खाद ले कर जा रहे हो अगर कोई अधिकारी पूछे तो शासन को जो रेट है वही बताओगे तभी खाद दे पायेगे

पारदर्शिता पर प्रश्न
वही जब इस मामले की जानकारी के लिये ब्लाक कृषि अधिकारी लकेश कुमार साहू से फोन पर जानकारी लिये तो उन्होने बताया की मै अभी धमतरी मे हू मै अभी कृषि ईस्पेक्टर को भेज कर जाच करवाता हू मगर आधे घंटे बीत जाने के बाद भी कोई नही आया जब दोबारा काल किये तो उन्होने कहा की मै पता करता हू गया की नही हमने उनसे कहा की धूप मे किसान को खडा नही कर सकते वे चले गये तो अधिकारी ने बताया की पास मशीन खराब है हमने व्यपारी को बोला है की अगर मशीन खराब है तो किसानो को स्कीन शाट शाट उपलब्ध कराये।



