Home व्यापार बाजार में क्यों आई इतनी बड़ी गिरावट,सस्ता हो गया सोना-चांदी,क्या यही है...

बाजार में क्यों आई इतनी बड़ी गिरावट,सस्ता हो गया सोना-चांदी,क्या यही है खरीदने का सही मौका?

0

सोने और चांदी की कीमतों में आज 10 जून को बड़ी गिरावट देखने को मिली है. सोने के भाव में 2,058 रुपये और चांदी की कीमत में 3,351 रुपये तक की कमी आई है. अंतरराष्ट्रीय बाजार में दबाव और निवेशकों की बिकवाली के चलते रिटेल और वायदा बाजार, दोनों में कीमती धातुएं सस्ती हुई हैं. यदि आप लंबे समय से सोने-चांदी में निवेश करने या घर के लिए आभूषण खरीदने की योजना बना रहे थे, तो कीमतों में आई यह गिरावट आपके लिए खरीदारी का एक बेहतरीन अवसर हो सकती है.

बाजार में क्यों आई इतनी बड़ी गिरावट:- पिछले कुछ दिनों से बाजार के उतार-चढ़ाव के बीच आज सोने-चांदी की चमक थोड़ी फीकी पड़ती नजर आई है. बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय संकेतों के चलते कीमती धातुओं पर दबाव बना है. अंतरराष्ट्रीय बाजार में गोल्ड की कीमतों में 160 डॉलर प्रति औंस और सिल्वर में 4.4 डॉलर प्रति औंस की गिरावट दर्ज की गई है. इस वैश्विक हलचल का असर सीधे तौर पर भारतीय बाजारों पर पड़ा है. निवेशकों की सतर्कता और बिकवाली के दबाव ने आज कीमतों को नीचे खींच लिया है. यह गिरावट न केवल वायदा बाजार में देखी जा रही है, बल्कि आम खरीदारों के लिए भी रिटेल बाजार में राहत लेकर आई है.

एमसीएक्स (MCX) और वायदा कारोबार की स्थिति:- अगर हम वायदा बाजार यानी एमसीएक्स की बात करें, तो वहां भी गिरावट का रुख साफ है. 5 अगस्त 2026 को डिलीवरी वाला सोना 1.31 फीसदी की कमजोरी के साथ 1,50,448 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया है. वहीं, चांदी के वायदा भाव में 1.40 फीसदी की गिरावट देखी गई है, जिससे जुलाई डिलीवरी वाली चांदी 2,35,657 रुपये प्रति किलोग्राम पर ट्रेड कर रही है. बाजार के जानकारों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय रुझानों और घरेलू मांग में आई सुस्ती के कारण फिलहाल ये दबाव बना हुआ है.

खरीदारी से पहले ध्यान रखें ये बातें:- सोना और चांदी खरीदना हमेशा एक निवेश माना जाता है, लेकिन हमेशा भरोसेमंद ज्वेलर्स से ही खरीदारी करें. आज की गिरावट एक अच्छी खबर हो सकती है, लेकिन बाजार की अस्थिरता को देखते हुए सतर्क रहना जरूरी है. निवेश करने से पहले अपने शहर के लेटेस्ट रेट जरूर चेक कर लें, क्योंकि हर शहर में सोना और चांदी की शुद्धता और डिमांड के हिसाब से कीमतों में मामूली फर्क होता है. जो लोग लंबे समय के लिए निवेश करना चाहते हैं, उनके लिए बाजार की यह नरमी एक बेहतर प्रवेश बिंदु (entry point) साबित हो सकती है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here