आर्थिक संकट और भीषण महंगाई से जूझ रहे पड़ोसी देश पाकिस्तान में आम जनता की मुसीबतें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं. वैश्विक बाजार में कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में आई हालिया उछाल के बाद, पेट्रोलियम पदार्थों के दामों में एक बार फिर भारी बढ़ोतरी की उम्मीद की जा रही है. इस तेल संकट का सीधा असर अब आम जनता की रोजमर्रा की जिंदगी पर पड़ा है. फ्यूल महंगा होने से पाकिस्तान में पब्लिक ट्रांसपोर्ट के किरायों में रिकॉर्ड तोड़ वृद्धि कर दी गई है.
पब्लिक ट्रांसपोर्ट फेयर में रिकॉर्ड वृद्धि:- पाक मीडिया के अनुसार, एक स्टॉप से दूसरे स्टॉप तक का कम से कम किराया PKR 50 तय किया गया है, जबकि सामान ढोने का खर्च भी तेजी से बढ़ा है. कराची से पेशावर जाने वाले भरे हुए ट्रेलरों का माल ढुलाई शुल्क बढ़कर PKR 700,000 हो गया है. इस कदम ने व्यापारियों के बीच महंगाई के नए दबाव को लेकर चिंता बढ़ा दी है. रावलपिंडी में, लोकल ट्रांसपोर्ट ऑपरेटरों ने प्रति यात्री किराया PKR 20 बढ़ा दिया है, जबकि आस-पास के इलाकों में चलने वाली सेवाओं ने किराया प्रति यात्री PKR 30 बढ़ा दिया है. इसके अलावा, ट्रांसपोर्टर्स ने यात्रियों के सामान के लिए अतिरिक्त शुल्क लेना शुरू कर दिया है.
बस सेवाओं का बढ़ा किराया:-ऑपरेटरों ने आठ साल और उससे ज़्यादा उम्र के बच्चों से किराया लेना शुरू कर दिया है, जबकि लंबी दूरी की बस सेवाओं ने टिकट की कीमतें प्रति यात्री PKR 100 से PKR 250 के बीच बढ़ा दी हैं. इस बीच, रावलपिंडी और मरी के बीच AC कोच सेवाओं का किराया बढ़ाकर PKR 700 कर दिया गया है. पाकिस्तान की मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, लोकल चिंगची रिक्शा, बाइक टैक्सी और मोटरसाइकिलों ने भी अपना किराया बढ़ा दिया है, जबकि लोडर रिक्शा ने अपना लोडिंग शुल्क PKR 500 बढ़ा दिया है.
हाल में आई थी ये खबर:- ये बदलाव पेट्रोल की कीमतों में हालिया बढ़ोतरी के बाद हुए हैं, जिससे देश में महंगाई के दबाव के बीच यात्रियों और व्यवसायों पर लागत का बोझ बढ़ गया है. ये घटनाक्रम उन रिपोर्टों के बाद सामने आए हैं जिनमें कहा गया था कि ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतों में हालिया उछाल के कारण पाकिस्तान में पेट्रोल और डीज़ल की कीमतें बढ़ने की संभावना है. ARY न्यूज ने सूत्रों के हवाले से बताया कि पेट्रोल की कीमत में PKR 13 की बढ़ोतरी की उम्मीद थी, जबकि हाई-स्पीड डीज़ल की दरों में PKR 14 की बढ़ोतरी का अनुमान था.



