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खेतों में पहुंचीं कलेक्टर: दलहन-तिलहन उत्पादन, प्राकृतिक खेती और विकास कार्यों का किया व्यापक निरीक्षण

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एमसीबी :कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी संतन देवी जांगड़े ने शनिवार को विकासखंड मनेन्द्रगढ़ के ग्राम लालपुर, पसौरी, चरवाही और सेमरिया सहित विभिन्न क्षेत्रों का व्यापक दौरा कर कृषि, प्राकृतिक खेती एवं विकास कार्यों का गहन निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने खेतों में पहुंचकर किसानों से सीधा संवाद किया, फसलों की स्थिति एवं गुणवत्ता का बारीकी से अवलोकन किया तथा अधिकारियों को किसानों को समय पर तकनीकी मार्गदर्शन, गुणवत्तापूर्ण बीज एवं आवश्यक कृषि संसाधन उपलब्ध कराने के सख्त निर्देश दिए।निरीक्षण के दौरान उनके साथ अपर कलेक्टर अनिल कुमार सिदार, डिप्टी कलेक्टर नेहा खलखो, डिप्टी कलेक्टर स्वप्निल वर्मा, कृषि विभाग के उप संचालक इन्द्रासन पैकरा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे ।

लालपुर में सामुदायिक खेती एवं बीज उत्पादन का गहन निरीक्षण
कलेक्टर ने ग्राम लालपुर पहुंचकर कृषि विभाग द्वारा संचालित दलहन एवं तिलहन बीज उत्पादन कार्यक्रम का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने प्रमाणित बीजों से तैयार की जा रही फसलों की स्थिति, उत्पादन प्रक्रिया एवं गुणवत्ता मानकों का अवलोकन करते हुए किसानों को दिए जा रहे तकनीकी सहयोग की जानकारी ली।

इस दौरान उन्होंने सामुदायिक खेती कर रहे किसान जितेन्द्र सिंह, शिवमंगल सिंह एवं कदम कुंवर से अरहर, मक्का, तिल एवं मूंगफली की खेती पर विस्तार से चर्चा की। कलेक्टर ने बीज उत्पादन की संपूर्ण प्रक्रिया, फसल की वर्तमान स्थिति, संभावित उत्पादन एवं विपणन की संभावनाओं की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने किसानों को आधुनिक एवं वैज्ञानिक कृषि तकनीकों को अपनाकर गुणवत्तापूर्ण बीज उत्पादन करने के लिए प्रेरित किया। साथ ही अधिकारियों को निर्देशित किया कि कृषि आदान समय पर उपलब्ध कराए जाएं, नियमित फील्ड मॉनिटरिंग की जाए तथा किसानों को सतत तकनीकी सहयोग दिया जाए, जिससे जिले में दलहन एवं तिलहन उत्पादन में उल्लेखनीय वृद्धि हो सके और किसानों की आय सशक्त बने।

पसौरी में तिल उत्पादन एवं फसल विविधीकरण का अवलोकन
ग्राम पसौरी में कलेक्टर ने तिलहन बीज उत्पादन कार्यों का निरीक्षण किया। यहां किसान समयलाल, धर्मेन्द्र मिश्रा एवं करण सिंह ने बताया कि उन्होंने इस वर्ष धान की खेती छोड़कर लगभग 10 एकड़ क्षेत्र में प्रमाणित तिल बीज उत्पादन किया है। कलेक्टर ने खेतों में पहुंचकर तिल की फसल की स्थिति, उत्पादन तकनीक, संभावित उपज एवं कृषि विभाग से प्राप्त सहयोग की जानकारी ली। उन्होंने फसल विविधीकरण को किसानों की आय बढ़ाने का एक प्रभावी एवं टिकाऊ माध्यम बताते हुए अन्य किसानों को भी इससे जुड़ने के लिए प्रेरित किया।

भगमड़िया नवीन तालाब का निरीक्षण, सुरक्षा व्यवस्था पर जोर
दौरे के दौरान कलेक्टर ने पसौरी स्थित निर्माणाधीन भगमड़िया नवीन तालाब का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति का जायजा लेते हुए तालाब के बाहरी हिस्से में पर्याप्त मिट्टी भराई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने नहर के गेट पर सुरक्षा जाली लगाने के निर्देश दिए, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की दुर्घटना की संभावना को पूरी तरह रोका जा सके।

कलेक्टर ने देखा महिलाओं का जैविक खाद एवं कीटनाशक निर्माण कार्य
राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन के अंतर्गत चरवाही स्थित बीआरसी सेंटर का निरीक्षण करते हुए कलेक्टर ने जय मां संतोषी स्व-सहायता समूह द्वारा तैयार किए जा रहे जैविक खाद एवं जैविक कीटनाशकों का अवलोकन किया। उन्होंने समूह की महिलाओं द्वारा तैयार किए जा रहे मूंगा आस्त्र, ब्रह्मास्त्र एवं नीमास्त्र जैसे जैविक उत्पादों की सराहना करते हुए इनके उत्पादन को और अधिक बढ़ाने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने इन उत्पादों के ऑनलाइन विपणन पर विशेष जोर दिया, जिससे महिला समूहों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि हो सके और उन्हें आत्मनिर्भरता की दिशा में मजबूती मिले।

सेमरिया में जैविक खेती एवं धान रोपाई का निरीक्षण
ग्राम सेमरिया में कृषि विभाग द्वारा कराई जा रही धान बीज किस्म 3364 की कतार रोपाई का कलेक्टर ने निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने किसान रामकृपाल, संतलाल एवं विजय सिंह से जैविक खेती, जैविक खाद एवं जैविक कीटनाशकों के उपयोग की जानकारी ली। किसानों ने बताया कि जैविक खेती से उत्पादन लागत में कमी आती है, फसल की गुणवत्ता बेहतर होती है तथा उपज भी संतोषजनक मिलती है। कलेक्टर ने इस पहल की सराहना करते हुए सेमरिया में आधार कैंप स्थापित करने के निर्देश दिए। इसके पश्चात उन्होंने किसान सुशील श्रीवास्तव की प्रवर्तित खेती का भी निरीक्षण किया। किसान ने बताया कि उन्होंने इस वर्ष मूंगफली के स्थान पर उड़द एवं अरहर की खेती अपनाई है। कलेक्टर ने फसल की स्थिति, खाद प्रबंधन, निराई-गुड़ाई एवं संभावित उपज की जानकारी लेते हुए वैज्ञानिक खेती को निरंतर बढ़ावा देने पर बल दिया।

गुलाब फूल की व्यावसायिक खेती एवं घरौंदा आश्रम गृह का निरीक्षण
कलेक्टर ने लालपुर स्थित कलमडांड में किसान एबी अब्राहम द्वारा की जा रही गुलाब फूल की व्यावसायिक खेती का निरीक्षण किया। उन्होंने उच्च मूल्य वाली फसलों एवं पौधों के अधिकाधिक रोपण की सलाह दी, जिससे किसानों की आय में और वृद्धि हो सके। इसके बाद उन्होंने घरौंदा आश्रम गृह का निरीक्षण किया, जहां दिव्यांगजनों एवं निराश्रितों को निःशुल्क आवास, भोजन एवं स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं। कलेक्टर ने वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए हितग्राहियों को और बेहतर सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए।

कलेक्टर का संदेश मैदानी निरीक्षण से ही योजनाओं का वास्तविक लाभ संभव
कलेक्टर संतन देवी जांगड़े ने कहा कि शासन की योजनाओं का वास्तविक लाभ तभी सुनिश्चित किया जा सकता है जब अधिकारी नियमित रूप से मैदानी क्षेत्रों का भ्रमण कर कार्यों की गुणवत्ता की निगरानी करें। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि कृषि एवं विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी तथा किसानों को हर संभव सहयोग प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराया जाए।

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