सारंगढ़-बिलाईगढ़ : आगामी धान खरीदी को ध्यान में रखते हुए जिले के सभी किसानों को एग्रीस्टेक से जोड़ने के लिए जिला प्रशासन द्वारा अगस्त से ही विशेष अभियान चलाया जा रहा है। कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू ने जिले के सभी किसानों से एग्रीस्टेक पंजीयन करने की अपील की है। अभियान के तहत 18 से 30 अगस्त 2026 तक जिले की सभी तहसीलों एवं उपतहसील क्षेत्रों में ग्राम स्तर पर एग्रीस्टेक शिविर एवं एग्रीस्टेक चौपाल आयोजित किए जाएंगे। इस विशेष अभियान के तहत जिले के 7 तहसील एवं उपतहसील कोसीर क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली 347 ग्राम पंचायतों एवं 759 ग्रामों में शिविर लगाए जाएंगे। इन शिविरों के माध्यम से एग्रीस्टेक से अब तक वंचित किसानों को चिन्हांकित कर उनकी एग्रीस्टेक प्रक्रिया पूर्ण कराने का प्रयास किया जाएगा, ताकि जिले का कोई भी पात्र किसान एग्रीस्टेक से छूट न जाए।
जिला प्रशासन की पहल से 759 गांवों में मिलेगी एग्रीस्टेक की सुविधा
गांव-गांव आयोजित होने वाले इन शिविरों एवं एग्रीस्टेक चौपालों में किसानों को एग्रीस्टेक की उपयोगिता, पंजीयन एवं डिजिटल प्रक्रिया की जानकारी दी जाएगी। साथ ही मौके पर ही आवश्यक प्रक्रिया पूरी कराने में किसानों को सहयोग प्रदान किया जाएगा। जिला प्रशासन का उद्देश्य है कि किसानों को एग्रीस्टेक के लिए दूर स्थित कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें और उन्हें उनके गांव में ही आवश्यक सुविधा उपलब्ध हो सके। एग्रीस्टेक के माध्यम से किसानों से संबंधित भूमि, फसल एवं अन्य कृषि संबंधी जानकारी को डिजिटल रूप से व्यवस्थित किया जा रहा है, जिससे शासन की विभिन्न योजनाओं एवं कृषि सेवाओं का लाभ किसानों को अधिक सुगमता, पारदर्शिता एवं सरलता से मिल सके। आगामी धान खरीदी के मद्देनजर किसानों के लिए एग्रीस्टेक की प्रक्रिया पूर्ण करना महत्वपूर्ण है। विशेष अभियान के तहत ग्राम स्तर पर आयोजित होने वाली एग्रीस्टेक चौपालों में संबंधित अधिकारी-कर्मचारी एवं मैदानी अमला उपस्थित रहेगा। किसानों की सुविधा के लिए पटवारी, सेवा सेतु सेंटर संचालक सहित संबंधित विभागों के अधिकारी- कर्मचारी चौपाल में मौजूद रहकर किसानों को एग्रीस्टेक की प्रक्रिया पूरी कराने में आवश्यक सहयोग प्रदान करेंगे।
शिविर में किसानों को एग्रीस्टेक से संबंधित जानकारी देने के साथ ही उनकी समस्याओं का मौके पर निराकरण करने का प्रयास किया जाएगा, ताकि किसानों को प्रक्रिया पूरी करने के लिए अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। ग्राम स्तर पर आयोजित होने वाले इन शिविरों एवं चौपालों में कृषि, राजस्व, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, सहकारिता, खाद्य विभाग सहित संबंधित विभागों के अधिकारी- कर्मचारी एवं मैदानी अमले की सहभागिता रहेगी। पटवारी एवं सेवा सेतु सेंटर संचालक भी किसानों को आवश्यक डिजिटल प्रक्रिया पूरी कराने में सहयोग करेंगे।
कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू ने जिले के किसानों से अपील की है कि निर्धारित अवधि में अपने गांव में आयोजित एग्रीस्टेक शिविर अथवा चौपाल में पहुंचकर एग्रीस्टेक की प्रक्रिया पूर्ण कराएं। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन का प्रयास है कि 347 ग्राम पंचायतों और 759 ग्रामों का कोई भी पात्र किसान एग्रीस्टेक से न छूटे तथा आगामी धान खरीदी सहित शासन की विभिन्न योजनाओं एवं कृषि सेवाओं का लाभ किसानों को सरल, सुगम एवं पारदर्शी तरीके से मिल सके।




