आजकल कई महिलाओं को बाल झड़ने की समस्या का सामना करना पड़ रहा है. आमतौर पर हर दिन लगभग 50 से 100 बाल झड़ना सामान्य माना जाता है, क्योंकि पुराने बालों की जगह नए बाल उगते रहते हैं. लेकिन अगर इससे ज्यादा मात्रा में बाल गिरने लगें या कंघी करते समय और बाल धोते समय गुच्छों में बाल निकलने लगें, तो यह चिंता का कारण हो सकता है. कई बार महिलाएं इसे सामान्य समस्या समझकर नजरअंदाज कर देती हैं, लेकिन लगातार बाल झड़ना शरीर में किसी अंदरूनी समस्या का संकेत भी हो सकता है.इस समस्या के साथ कई अन्य लक्षण भी दिखाई दे सकते हैं, जैसे बालों का पतला होना, बालों की जड़ों का कमजोर होना, सिर की त्वचा का साफ दिखाई देने लगना या बालों की डेंसिटी में कमी आना. अगर लंबे समय तक यह समस्या बनी रहती है, तो इसे हल्के में नहीं लेना चाहिए. समय रहते इसके कारणों को समझना और डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी होता है. आइए जानते हैं कि महिलाओं में बाल झड़ना किन बीमारियों का संकेत है.
किसे ज्यादा खतरा होता है:- कुछ महिलाओं में बाल झड़ने की समस्या होने का खतरा ज्यादा हो सकता है. जिन महिलाओं को हॉर्मोनल असंतुलन की समस्या होती है, उनमें बाल गिरने की संभावना अधिक रहती है. इसके अलावा जिनके शरीर में आयरन, प्रोटीन या अन्य जरूरी पोषक तत्वों की कमी होती है, उन्हें भी इस समस्या का सामना करना पड़ सकता है. ज्यादा तनाव लेने वाली महिलाओं में भी बाल झड़ने की समस्या बढ़ सकती है. इसके अलावा बहुत ज्यादा केमिकल वाले हेयर प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल, बार-बार हेयर स्टाइलिंग करना या बालों को बहुत कसकर बांधना भी बालों की जड़ों को कमजोर कर सकता है. परिवार में पहले से बाल झड़ने की समस्या होने पर भी इसका खतरा बढ़ सकता है.
कैसे करें बचाव:- बाल झड़ने की समस्या से बचने के लिए कुछ जरूरी आदतें अपनाना फायदेमंद हो सकता है. सबसे पहले संतुलित और पौष्टिक डाइट लेना जरूरी है, जिसमें आयरन, प्रोटीन और विटामिन भरपूर मात्रा में हों. बालों की सही देखभाल करना और बहुत ज्यादा केमिकल वाले प्रोडक्ट्स से बचना भी जरूरी है. इसके अलावा तनाव को कम करने की कोशिश करनी चाहिए और पर्याप्त नींद लेना भी जरूरी होता है. बालों को बहुत कसकर बांधने या बार-बार हीट स्टाइलिंग करने से भी बचना चाहिए. अगर बालों का झड़ना लगातार बढ़ रहा हो, तो डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर होता है.



