डायबिटीज के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। अब कम उम्र के लोग भी इस बीमारी की चपेट में आ रहे हैं। डायबिटीज में ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल में रखने के लिए मरीजों को अपने खान-पान का खास ध्यान रखने की जरूरत होती है। ऐसी चीजों का सेवन करने की सलाह नहीं दी जाती जिनसे शुगर लेवल बढ़े। ऐसे में लोगों के मन में एक सवाल हमेशा रहता है और वो है कि क्या डायबिटीज के मरीजों को खजूर का सेवन करना चाहिए या नहीं। यहां हम बताने जा रहे हैं कि डायबिटीज के मरीज खजूर खा सकते हैं या नहीं।
खजूर का पोषण और ग्लाइसेमिक इंडेक्स
खजूर ऊर्जा का एक बेहतरीन सोर्स है, लेकिन इसमें प्राकृतिक मिठास काफी अधिक होती है। एक सामान्य खजूर में लगभग 15 से 18 ग्राम कार्बोहाइड्रेट होता है। हालांकि, डायबिटीज के मरीजों के लिए सबसे महत्वपूर्ण बात इसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स (GI) है। खजूर की किस्मों का GI 44 से 53 के बीच होता है, जिसे ‘लो ग्लाइसेमिक इंडेक्स’ की श्रेणी में रखा जाता है। खजूर में प्रचुर मात्रा में फाइबर होता है, जो ब्लड में शुगर के अवशोषण की प्रक्रिया को धीमा कर देता है। इससे ग्लूकोज लेवल में अचानक स्पाइक नहीं आता।
डायबिटीज में खजूर खाने के फायदे
- पोटेशियम और मैग्नीशियम से भरपूर खजूर ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करने और हार्ट हेल्थ को बेहतर बनाने में मदद करता है।
- खजूर में फ्लेवोनोइड्स और फेनोलिक एसिड जैसे एंटीऑक्सीडेंट होते हैं, जो शरीर में सूजन को कम करने में सहायक हैं।
- डायबिटीज के मरीजों में पाचन संबंधी समस्याएं आम हैं। खजूर का फाइबर पाचन तंत्र को दुरुस्त रखता है।
कैसे और कितना खाएं?
डायबिटीज में खजूर का लाभ तभी मिलता है जब इसे सही ढंग से खाया जाए।
1. मात्रा का ध्यान रखें
डायबिटीज के मरीजों को दिन भर में 2 से 3 खजूर का सेवन करना चाहिए। यदि आपका शुगर लेवल बहुत अधिक है, तो पहले डॉक्टर से सलाह लें।
2. प्रोटीन के साथ लें
खजूर को खाली पेट खाने के बजाय इसे प्रोटीन या हेल्दी फैट्स वाली चीजों के साथ खाएं। उदाहरण के लिए, खजूर के साथ 2-3 बादाम या अखरोट खाएं। प्रोटीन और फैट कार्बोहाइड्रेट के पाचन को और धीमा कर देते हैं, जिससे ब्लड शुगर लेवल कंट्रोल में रहता है।
3. सही समय का चुनाव
खजूर खाने का सबसे अच्छा समय सुबह का नाश्ता या वर्कआउट से पहले का है। रात को सोने से पहले इसे खाने से बचें।



