कोरिया : जिला कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आज कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव की अध्यक्षता में नार्को समन्वय केंद्र (एनसीओआरडी) तथा नशा मुक्त भारत अभियान (एनएमबीए) की बैठक आयोजित की गई। बैठक में मादक पदार्थों की रोकथाम, अवैध तस्करी पर नियंत्रण तथा विभागीय समन्वय को सुदृढ़ बनाने के लिए पुनर्गठित व्यवस्था के तहत विभिन्न एजेंडों की समीक्षा की गई।
कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जिले में किसी भी स्थिति में अवैध नशे का सेवन, बिक्री, परिवहन, भंडारण एवं तस्करी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ प्रभावी कार्रवाई करने तथा संदिग्ध गतिविधियों पर सतत निगरानी रखने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने कहा कि नार्को समन्वय केंद्र (एनसीओआरडी) केंद्र एवं राज्य स्तर पर मादक पदार्थों की तस्करी, अवैध खेती, उत्पादन, भंडारण, परिवहन तथा नशे के दुरुपयोग की रोकथाम के लिए विभिन्न विभागों एवं एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने की महत्वपूर्ण व्यवस्था है। इसके पुनर्गठन का उद्देश्य पुलिस, राजस्व, आबकारी, वन, शिक्षा, स्वास्थ्य, समाज कल्याण एवं अन्य संबंधित विभागों के बीच सूचना आदान-प्रदान तथा संयुक्त कार्रवाई को और अधिक प्रभावी बनाना है। कलेक्टर ने नशा मुक्त भारत अभियान के तहत समाज कल्याण, शिक्षा, स्वास्थ्य सहित विभिन्न विभागों को नशे के खिलाफ व्यापक जनजागरण निरन्तर चलाने के निर्देश दिए।
दूरस्थ वन क्षेत्रों में अवैध गांजा खेती पर रखी जाएगी नजर
बैठक में कलेक्टर ने वन विभाग को निर्देशित करते हुए कहा कि दूरस्थ एवं संवेदनशील वन क्षेत्रों में अवैध गांजा तथा अन्य मादक पदार्थों की खेती पर विशेष निगरानी रखी जाए। वनमंडलाधिकारी को निर्देश दिए गए कि बीट गार्ड एवं फॉरेस्ट गार्ड के माध्यम से नियमित निगरानी सुनिश्चित करें तथा किसी भी प्रकार की सूचना प्राप्त होने पर तत्काल प्रशासन एवं पुलिस विभाग को अवगत कराएं।
सिंथेटिक ड्रग्स से जुड़े उद्योगों की होगी निगरानी
जिला उद्योग एवं व्यापार केंद्र को निर्देशित किया गया कि ड्रग्स उत्पादन से संबंधित किसी भी उद्योग या इकाई के पंजीयन की जानकारी संबंधित एजेंसियों को तत्काल उपलब्ध कराई जाए। साथ ही सिंथेटिक ड्रग्स के उत्पादन, भंडारण एवं विक्रय गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जाए ताकि किसी भी अवैध गतिविधि को समय रहते रोका जा सके।
कलेक्टर ने जिला आबकारी अधिकारी को जिले में अफीम, डोडाचूरा एवं अन्य मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने नारकोटिक्स से जुड़े गिरोहों की गतिविधियों पर सतत निगरानी रखने तथा प्रभावी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। बैठक में लंबित गांजा प्रकरणों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने पूर्व से नष्टीकरण के लिए लंबित 206 गांजा प्रकरणों का शीघ्र अधिकृत समिति के माध्यम से नष्टीकरण कराने के निर्देश भी दिए।
युवाओं और विद्यार्थियों में चलाया जाएगा नशामुक्ति जागरूकता अभियान
समाज कल्याण विभाग को निर्देशित किया गया कि नशामुक्ति केंद्रों की जानकारी का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए। साथ ही प्रत्येक माह युवाओं, छात्र-छात्राओं एवं आम नागरिकों के बीच मादक पदार्थों के दुष्प्रभावों को लेकर जागरूकता अभियान चलाया जाए।
बिना डॉक्टर के पर्चे पर नशीली दवाएं बेचने वालों पर होगी कार्रवाई
जिला खाद्य एवं औषधि नियंत्रण अधिकारी को निर्देश दिए गए कि ऐसे मेडिकल स्टोर्स की नियमित जांच की जाए जहां बिना चिकित्सकीय प्रिस्क्रिप्शन के नशीली दवाओं का विक्रय किया जा रहा हो। उन्होंने ऐसे प्रतिष्ठानों को चिन्हित कर नियमानुसार कार्रवाई करने तथा सिंथेटिक ड्रग्स के क्रय, विक्रय एवं भंडारण की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देशित किया गया कि सिंथेटिक ड्रग्स एवं अन्य अवैध नशीली दवाओं के उत्पादन, विक्रय, भंडारण और परिवहन पर सतत निगरानी रखी जाए। साथ ही प्रतिमाह मेडिकल स्टोर्स की सरप्राइज जांच कराई जाए तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
बैठक में कलेक्टर रोक्तिमा यादव ने कहा कि नशे के खिलाफ लड़ाई केवल प्रशासनिक कार्रवाई तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके लिए व्यापक जनजागरूकता और सामाजिक सहभागिता भी आवश्यक है। उन्होंने सभी विभागों को समन्वित प्रयास करते हुए जिले को नशामुक्त बनाने की दिशा में प्रभावी कार्य करने के निर्देश दिए।
बैठक में पुलिस, वन , अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व), स्वास्थ्य, शिक्षा, व्यापार एवं उद्योग केंद्र, कृषि, समाज कल्याण, आबकारी, नगरीय निकाय तथा खाद्य एवं औषधि नियंत्रण अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी, प्रतिनिधि उपस्थित रहे।



