ग्रामीणों की शिकायत पर ताबड़तोड़ छापेमारी, 22 अवैध जाल, रबर ट्यूब व अन्य सामग्री जब्त; प्रवासी पक्षियों और जैव विविधता संरक्षण को लेकर सख्त चेतावनी
सकरी। (कैलाश वस्त्रकार) : उच्चाधिकारियों के निर्देश एवं ग्रामीणों से प्राप्त शिकायतों के आधार पर वन विभाग ने कोपरा रामसर वेटलैंड से लगे ग्रामों में अवैध मछली शिकार के विरुद्ध विशेष अभियान चलाकर बड़ी कार्रवाई की। लगातार बारिश के बीच जलाशय में मछली चोरी के उद्देश्य से लगाए गए अवैध जालों को जब्त कर संबंधित लोगों के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई की गई।
वन विभाग की टीम ने नेशनल हाईवे से लगे बहतराई, सौदा, खैराडीह तथा गोदाम क्षेत्र में छापेमारी कर 16 गिलनेट (बड़े-छोटे), 6 भंवर जाल, 1 रबर ट्यूब तथा बांस से बनी 5 गरियां बरामद कर जब्त कीं।
कार्रवाई के दौरान वन विभाग के अधिकारी ललित श्रीवास एवं परिक्षेत्र रक्षक अजय मिश्रा ने ग्रामीणों को रामसर वेटलैंड, प्रवासी पक्षियों और जैव विविधता संरक्षण के महत्व से अवगत कराते हुए बताया कि कोपरा जलाशय पर्यावरण की दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील क्षेत्र है और इसकी सुरक्षा सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
अभियान के दौरान कोपरा के सरपंच प्रकाश यादव सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। वन विभाग ने स्पष्ट किया कि रामसर साइट घोषित होने के बाद कोपरा जलाशय में मछली पकड़ना, मछली पालन एवं कृषि कार्य पूरी तरह प्रतिबंधित है। इसके बावजूद नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
वन विभाग ने आमजन से अपील की है कि रामसर क्षेत्र में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि की सूचना तत्काल विभाग को दें, ताकि प्रवासी पक्षियों, जलचर जीवों और जैव विविधता का प्रभावी संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके।



