सुरेश मिनोचा एमसीबी : जिला कलेक्टर कार्यालय मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर के सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा की महत्वपूर्ण बैठक में प्रशासनिक कार्यों, विकास योजनाओं की प्रगति, जनसमस्याओं के समाधान तथा शासन की प्राथमिक योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर व्यापक समीक्षा की गई। बैठक की अध्यक्षता कलेक्टर सुश्री संतन देवी जांगड़े ने की। बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्रीमती अंकिता सोम, अपर कलेक्टर श्रीमती नम्रता डोंगरे, एसडीएम लिंगराज सिदार, डिप्टी कलेक्टर इंदिरा मिश्रा सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में खाद्य, स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला एवं बाल विकास, कृषि, वन, खनिज, पंचायत, ऊर्जा, पीएचई, समाज कल्याण, नगरीय प्रशासन, लोक निर्माण, मत्स्य एवं अन्य विभागों की योजनाओं और कार्यों की विभागवार समीक्षा की गई। कलेक्टर ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि शासन की योजनाएं केवल फाइलों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि उनका लाभ अंतिम व्यक्ति तक समय पर पहुंचना चाहिए। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि फील्ड में जाकर योजनाओं की जमीनी स्थिति का सत्यापन करें और नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करें।
ईंधन आपूर्ति, राशन कार्ड और उज्ज्वला योजना पर विशेष फोकस
बैठक में जिले में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी गैस की उपलब्धता की स्थिति की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने पेट्रोल पंप संचालकों से हुई चर्चा का हवाला देते हुए कहा कि जिले में ईंधन आपूर्ति पूरी तरह सामान्य बनी रहनी चाहिए और आम नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। उन्होंने ईंधन वितरण व्यवस्था में आने वाली चुनौतियों और संभावित समाधान पर अधिकारियों से विस्तृत चर्चा की। खाद्य विभाग द्वारा राशन कार्डों की स्थिति की जानकारी प्रस्तुत की गई, जिसमें लगभग 34 हजार बीपीएल एवं एपीएल राशन कार्डों की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि पात्र हितग्राहियों को समय पर राशन उपलब्ध कराया जाए और सार्वजनिक वितरण प्रणाली में किसी प्रकार की अनियमितता न होने पाए।प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना की समीक्षा के दौरान एलपीजी रिफिलिंग, लंबित केवाईसी तथा नए गैस कनेक्शनों की स्थिति पर चर्चा की गई। अधिकारियों ने बताया कि बड़ी संख्या में परिवारों को योजना का लाभ दिया गया है। कलेक्टर ने लंबित केवाईसी शीघ्र पूर्ण कराने और पात्र परिवारों को प्राथमिकता से लाभान्वित करने के निर्देश दिए।
पीएम आवास और सड़क निर्माण परियोजनाओं पर मांगी विस्तृत रिपोर्ट
बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना एवं प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत चल रहे निर्माण कार्यों की प्रगति की गहन समीक्षा की गई। चिरमिरी क्षेत्र में भूमि अनुपलब्धता के कारण लंबित आवास परियोजनाओं की स्थिति पर चर्चा करते हुए कलेक्टर ने निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। पीएमजीएसवाई के अंतर्गत जिले की 163 सड़कों की जानकारी लेते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि प्रत्येक सड़क की लागत, प्रगति, वर्तमान स्थिति तथा प्रारंभ एवं अंतिम बिंदु की जानकारी व्यवस्थित रूप से अपडेट की जाए। उन्होंने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने को कहा तथा सभी विभागों को गूगल शीट के माध्यम से प्रोजेक्ट मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
“फील्ड में जाएं अधिकारी, जमीनी हकीकत समझें”
कलेक्टर ने सचिव, पटवारी, फॉरेस्ट गार्ड, पीएचई कर्मचारी, कृषि अधिकारी, शिक्षक, रोजगार सहायक, डॉक्टर एवं नर्सों की नियमित फील्ड उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में अधिकारियों की सक्रिय मौजूदगी से ही समस्याओं का समय पर समाधान संभव है। छात्रावासों और स्कूलों में शौचालय व्यवस्था एवं साफ-सफाई की समीक्षा करते हुए उन्होंने मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा। धान उठाव की समीक्षा में 100 प्रतिशत परिवहन एवं भंडारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
खाद-बीज भंडारण और किसानों की तैयारी पर जोर
कृषि विभाग द्वारा खाद एवं बीज की उपलब्धता की जानकारी प्रस्तुत की गई। कलेक्टर ने खरीफ सीजन को ध्यान में रखते हुए पर्याप्त भंडारण सुनिश्चित करने तथा किसानों को समय पर वितरण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसानों को खाद-बीज की कमी के कारण किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए।
खनिज, वन और तेंदूपत्ता खरीदी पर विशेष निगरानी
खनिज विभाग की समीक्षा के दौरान रेत घाट, कोयला परिवहन, वैध एवं अवैध क्रेशर तथा खदानों की स्थिति पर चर्चा की गई। कलेक्टर ने अवैध उत्खनन पर सतत निगरानी रखने के निर्देश दिए। वन विभाग की समीक्षा में तेंदूपत्ता खरीदी कार्य की जानकारी ली गई। अधिकारियों ने बताया कि 15 समूहों के माध्यम से खरीदी कार्य संचालित किया जा रहा है। कलेक्टर ने वन आधारित आजीविका गतिविधियों को बढ़ावा देने तथा तेंदूपत्ता आधारित उत्पाद निर्माण के लिए समूहों को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए।
प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना में तेजी लाने के निर्देश
ऊर्जा विभाग की समीक्षा में प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की प्रगति पर चर्चा हुई। कलेक्टर ने योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार करने तथा अधिक से अधिक नागरिकों को सौर ऊर्जा से जोड़ने के निर्देश दिए। उन्होंने आवेदन प्रक्रिया और वेंडरों की कार्यप्रणाली की भी समीक्षा की।
स्वास्थ्य सेवाओं और मौसमी बीमारियों पर सतर्कता
बैठक में आयुष्मान भारत योजना, आभा कार्ड, ब्लड बैंक, टीबी उन्मूलन, निक्षय मित्र योजना, टीकाकरण एवं संस्थागत प्रसव की स्थिति की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग को मौसमी बीमारियों की रोकथाम हेतु अग्रिम तैयारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। गांव-गांव स्वास्थ्य जागरूकता अभियान चलाने तथा नियमित स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने पर भी जोर दिया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग की समीक्षा में महतारी वंदन योजना की प्रगति पर चर्चा की गई। कलेक्टर ने सुपरवाइजर और लक्ष्य निर्धारित कर शत-प्रतिशत उपलब्धि सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जल जीवन मिशन और पेयजल व्यवस्था पर प्रशासन गंभीर
पीएचई विभाग की समीक्षा के दौरान जल जीवन मिशन अंतर्गत एफएचटीसी कनेक्शन, सोलर स्थापना, जल मित्र प्रशिक्षण एवं पेयजल व्यवस्था की जानकारी ली गई। सोलर कार्यों में देरी पर कलेक्टर ने नाराजगी जताते हुए शीघ्र कार्य पूर्ण कराने के निर्देश दिए। कुछ गांवों में कम वोल्टेज एवं ट्रांसफार्मर समस्याओं पर भी चर्चा हुई। कलेक्टर ने विद्युत विभाग को गर्मी के मौसम में निर्बाध विद्युत एवं पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
डिजिटल प्रशासन और सेवा सेतु अभियान पर जोर
बैठक में ई-ऑफिस परियोजना, सीएस मॉनिटरिंग, सेवा सेतु केंद्र एवं “जनता के द्वार डिजिटल सरकार” अभियान की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने सभी कार्यालयों में ऑनलाइन कार्यप्रणाली लागू करने और ऑफलाइन प्रक्रियाओं को न्यूनतम करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि डिजिटल प्रशासन से पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ेगी। सीमांकन एवं अन्य सेवाओं के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया को बढ़ावा देने तथा सीएससी केंद्रों के माध्यम से ग्रामीणों को डिजिटल सेवाएं उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया गया।
पीएम किसान, एग्री स्टैक और सहकारी समितियों की समीक्षा
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की समीक्षा के दौरान वन अधिकार पत्रों से जुड़े लंबित डेटा को शीघ्र अपडेट करने के निर्देश दिए गए। एग्री स्टैक एवं कृषक पंजीयन की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने सभी पात्र किसानों का पंजीयन सुनिश्चित करने को कहा। समाज कल्याण विभाग की समीक्षा में पेंशन प्रकरणों के लंबित मामलों पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए। वहीं पीएम श्री योजना अंतर्गत स्कूलों की स्थिति और शिक्षा गुणवत्ता की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने नियमित मॉनिटरिंग और बेहतर शिक्षण वातावरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। “समय-सीमा में कार्य पूर्ण करें, लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी” बैठक के अंत में कलेक्टर सुश्री संतन देवी जांगड़े ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि शासन की योजनाओं का लाभ समय-सीमा में पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाना प्रशासन की सर्वाेच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि विभागीय समन्वय, फील्ड विजिट और सतत मॉनिटरिंग से ही योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन संभव है। उन्होंने चेतावनी दी कि योजनाओं के क्रियान्वयन में लापरवाही, अनावश्यक देरी या उदासीनता पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कठोर प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी।



