सुरेश मिनोचा एमसीबी : जिले में आम नागरिकों की समस्याओं के त्वरित समाधान, प्रशासनिक जवाबदेही और सुशासन को मजबूत करने के उद्देश्य से आज जिला कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जनदर्शन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कलेक्टर संतन देवी जांगड़े के मार्गदर्शन में आयोजित इस जनदर्शन में जिले के विभिन्न ग्रामीण एवं नगरीय क्षेत्रों से बड़ी संख्या में नागरिक अपनी समस्याएं और मांगें लेकर पहुंचे। कार्यक्रम के दौरान कलेक्टर ने प्रत्येक आवेदक की समस्याओं को गंभीरता, संवेदनशीलता और धैर्यपूर्वक सुना तथा संबंधित विभागीय अधिकारियों को समयबद्ध एवं प्रभावी निराकरण सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए।
आज आयोजित जनदर्शन में कुल 45 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें भूमि विवाद, अतिक्रमण, पेंशन, वन अधिकार पट्टा, शौचालय निर्माण, विकास कार्यों में अनियमितता, राजस्व प्रकरण, भ्रष्टाचार, अवैध खनन, बैंकिंग विवाद तथा आधारभूत सुविधाओं से जुड़े अनेक मामले प्रमुख रूप से सामने आए। कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि जनता की समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण समाधान प्रशासन की सर्वाेच्च प्राथमिकता है तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही या उदासीनता स्वीकार नहीं की जाएगी।
भूमि विवाद और अतिक्रमण के मामलों पर प्रशासन गंभीर
जनदर्शन में पहुंचे पेंड्री निवासी तीरथ कुमार ने भूमि संबंधी समस्या को लेकर आवेदन प्रस्तुत किया। वहीं बोड बंधा निवासी जयदान खलखो ने भूमि पर अतिक्रमण किए जाने की शिकायत दर्ज कराई। मेंड्रा निवासी बल्ली सिंह ने पट्टा बनवाने की मांग रखी। कोड़ा निवासी पंकज कुमार सिंह ने पट्टा निरस्त किए जाने के मामले में प्रशासन से न्याय की मांग की। महई निवासी बाबू लाल, भैसाताल निवासी दुर्गेश तथा मुईहारीपारा निवासी जीतराय ने भी भूमि विवाद और राजस्व मामलों से संबंधित शिकायतें प्रस्तुत कीं। कलेक्टर ने संबंधित राजस्व अधिकारियों को सभी प्रकरणों की गंभीरता से जांच कर समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
पेंशन, शौचालय और विकास कार्यों से जुड़े आवेदन
चिरमिरी निवासी राम बिहारी शर्मा ने लंबित पेंशन प्रकरण के निराकरण की मांग की। वहीं रांपा निवासी राम प्रसाद ने पशु पेड़ निर्माण कार्य पुनः प्रारंभ कराने की मांग रखी। देश पति सिंह और प्रियंका यादव ने शौचालय निर्माण स्वीकृति नहीं मिलने की शिकायत दर्ज कराते हुए प्रशासन से शीघ्र स्वीकृति प्रदान करने का अनुरोध किया। जुईली निवासी मानमती ने सामुदायिक नाडेप निर्माण कार्य की स्वीकृति के लिए आवेदन प्रस्तुत किया। इसके साथ ही व्यक्तिगत एवं सामुदायिक नाडेप निर्माण कार्यों से संबंधित अन्य आवेदन भी प्राप्त हुए।
वन अधिकार पट्टा और ग्रामीण समस्याओं पर विशेष ध्यान
सीरिया खोह के ग्रामीणों ने वन अधिकार पट्टा दिलाने की मांग रखी, जबकि बौरीडांड क्षेत्र के ग्रामीणों ने भूमि संबंधी समस्याओं के निराकरण हेतु आवेदन प्रस्तुत किया। कलेक्टर ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि पात्र हितग्राहियों के मामलों की प्राथमिकता से जांच कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
भ्रष्टाचार और अवैध गतिविधियों की शिकायतें भी पहुंचीं जनदर्शन में
नागपुर-चिरमिरी निवासी मिली जैन ने लोन सेटलमेंट प्रक्रिया में लाखों रुपये की अनियमितता की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। वहीं डोड़की निवासी अमर सिंह परस्ते ने राजस्व निरीक्षक और पटवारी पर अवैध वसूली एवं भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाते हुए संबंधित अधिकारियों के स्थानांतरण की मांग रखी। बिछिया टोला निवासी हीरा लाल ने अवैध रूप से संचालित रेत खदान के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया। कलेक्टर ने इन सभी शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों को निष्पक्ष जांच कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
“प्रत्येक नागरिक को न्याय दिलाना प्रशासन की जिम्मेदारी”
कलेक्टर संतन देवी जांगड़े ने जनदर्शन में उपस्थित अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त सभी आवेदनों का संवेदनशीलता और गंभीरता के साथ परीक्षण कर प्राथमिकता के आधार पर निराकरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप प्रशासन जनता के द्वार तक पहुंचकर समस्याओं का समाधान करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने आगे कहा कि आम नागरिकों को कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, इसके लिए विभागीय अधिकारी सक्रियता और जवाबदेही के साथ कार्य करें। प्रत्येक आवेदन पर गुणवत्तापूर्ण कार्रवाई सुनिश्चित की जाए और निराकरण की जानकारी संबंधित आवेदक तक पहुंचाई जाए। जनदर्शन कार्यक्रम के दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे तथा कई मामलों में तत्काल कार्रवाई की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई। कार्यक्रम में पहुंचे ग्रामीणों एवं नागरिकों ने प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए अपनी समस्याओं को सीधे कलेक्टर के समक्ष रखने का अवसर मिलने पर संतोष व्यक्त किया।



