सुरेश मिनोचा एमसीबी : विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर जिले की सभी ग्राम पंचायतों में 01 जून से 05 जून 2026 तक “स्वच्छ गाँव-सुरक्षित जलवायु” अभियान संचालित किया जा रहा है। अभियान का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता, ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन, पर्यावरण संरक्षण तथा ओडीएफ प्लस गतिविधियों के प्रति जनजागरूकता बढ़ाना है।राज्य स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के निर्देशानुसार आयोजित इस अभियान के अंतर्गत ग्राम पंचायतों में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के प्रभावी क्रियान्वयन, स्वच्छता परिसंपत्तियों के उपयोग एवं रखरखाव, सामुदायिक सहभागिता तथा पर्यावरण संरक्षण से संबंधित विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। अभियान के दौरान ग्राम स्तर पर स्वच्छता रैली, श्रमदान, स्वच्छता शपथ, पौधारोपण, स्वच्छता परिसंपत्तियों का निरीक्षण, ग्रामवासियों के साथ संवाद, अपशिष्ट पृथक्करण एवं प्रबंधन संबंधी जागरूकता कार्यक्रम तथा ओडीएफ प्लस मॉडल की समीक्षा जैसी गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा।
इस अभियान का मुख्य उद्देश्य ग्राम पंचायतों द्वारा ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन हेतु निर्मित परिसंपत्तियों का स्वमूल्यांकन करना, उनके नियमित रखरखाव के प्रति समुदाय को जागरूक बनाना तथा स्वच्छता को जनआंदोलन के रूप में आगे बढ़ाना है। साथ ही ग्रामीण समुदाय को जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जिम्मेदारी का संदेश भी दिया जाएगा।
जिला प्रशासन ने सभी जनपद पंचायतों एवं ग्राम पंचायतों को अभियान के तहत निर्धारित गतिविधियों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने तथा अधिक से अधिक जनसहभागिता के साथ कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। “स्वच्छ गाँव-सुरक्षित जलवायु” अभियान स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और सतत ग्रामीण विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित होगा, जिससे स्वच्छ और स्वस्थ ग्रामों के निर्माण को नई गति मिलेगी।



